मैं सेवा की ऐसी लकीर खींचूंगा, जिसे मेरे मरने के बाद भी मिटाया न जा सकेगा : शिवराज

आगर-मालवा।

आज मैं आगर की धरती से प्रधानमंत्री मोदी के चार साल पूरे होने पर बधाई देता हूँ, अभिनंदन करता हूँ। उन्होंने भारत का गौरव बढ़ाने का काम किया है।ये गरीबों का कार्यक्रम है। आपको सुविधाएं और आय के विभिन्न साधन दे रहा हूँ, जिससे गरीबी हमेशा के लिए दूर किया जा सके।मध्यप्रदेश से गरीबी मिटाकर ही दम लेंगे। मैं सेवा की ऐसी लकीर खींचूंगा, जिसे मेरे मरने के बाद भी मिटाया न जा सकेगा। कोई मुख्यमंत्री गरीबों और किसानों एवं सभी वर्गों के लिए इतने कल्याणकारी काम नहीं कर सकेगा। मेरा यह जीवन प्रदेश की सेवा और उत्थान के लिए समर्पित है।  इसके लिए मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना बनाई है। जो इन्कम टैक्स नहीं देता, जो सरकारी नौकरी नहीं करता या ढाई एकड़ से कम ज़मीन है, उसको इस योजना का लाभ मिलेगा। यह बात मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आगर-मालवा और शाजापुर के लिए जन कल्याण योजना के अंतर्गत आयोजित आवासीय पट्टा वितरण समारोह और तेंदूपत्ता संग्राहक सम्मेलन में कहीं।

उन्होंने कहा कि इस योजना में सभी गरीब शामिल हो सकते हैं, पात्रता है कि आप आयकरदाता न हों, सरकारी नौकरी में न हों, ढाई एकड़ से कम जमीन है। आपको सादे कागज़ पर खुद लिखकर देना है, इसका सत्यापन भी आप खुद करो।इसमें पंजीयन के बाद आपको स्वास्थ्य, आवास, शिक्षा सहित सामाजिक सुरक्षा के सभी लाभ मिलेंगे, जिससे आपका जीवन खुशहाल हो सके। वर्ष 2022 तक सभी गरीब भाई-बहनों को अपना पक्का मकान मिल जाएगा।मध्यप्रदेश में 38 लाख मकान गरीबों के लिए बनाना है। पहले साल 10 लाख मकान बनाने के लिए गरीबों को पैसे दिये जायेंगे और इसी तरह आगे के 4 साल में क्रमशः 10-10 लाख मकान के लिए रुपये दिये जायेंगे।गरीब परिवार के बच्चों की पढ़ाई की फ़ीस उनके माता-पिता नहीं, बल्कि सरकार भरेगी। पहली कक्षा से उच्च शिक्षा तक की फ़ीस की चिंता छोड़कर सिर्फ बच्चों को पढ़ाने पर ध्यान दें।

उन्होंने कहा कि हर गरीब के पास रहने की ज़मीन हो, उस ज़मीन पर आवास बने, आवास में मनोरंजन व सुविधा के लिए बिजली की व्यवस्था, उनके बच्चे शिक्षित बनें, बेहतर उपचार की सुविधा मिले, परिवार को मजबूती मिले इन सभी बातों को सुनिश्चित करने की व्यवस्था योजना सरकार ने की है। कोई भी गरीब भाई-बहन अब बिना इलाज के नहीं रहेंगे, शासकीय अस्पताल के बाद जरुरत पड़ी तो निजी अस्पताल में इलाज कराएंगे और खर्च सरकार उठाएगी।श्रमिक बहन को गर्भावस्था के 6 से 9 माह के बीच 4 हज़ार और प्रसव के बाद 12 हज़ार रुपए दिए जाएंगे, जिससे माँ और नवजात स्वस्थ रहें। गरीब भाई-बहनों योजना के तहत आपको 200 रुपए/माह के फ़्लैट रेट पर बिजली दी जाएगी, जिससे आप बड़े-बड़े बिलों से बच सकें और बल्ब, पंखा और टीवी चला सकें।

उन्होंने कहा कि मुझे प्रदेश से गरीबी दूर करना है, इसलिए महिला स्वसहायता समूहों को मजबूत कर रहा हूँ, अब बच्चों के स्कूल की यूनिफ़ॉर्म की सिलाई महिलाओं के स्वसहायता समूह से कराई जाएगी, साथ ही अन्य कई काम समूहों को सौंपे जाएंगे।इस योजना के तहत अंतिम संस्कार के लिए भी 5 हज़ार रुपए दिए जाएंगे, जिससे सम्मान से अंतिम संस्कार किया जा सके।गरीब बहनें स्वसहायता समूहों के माध्यम से अपनी आमदनी बढ़ाएँ इसके लिए बैंक लिंकेज द्वारा ऋण उपलब्ध करवाने की व्यवस्था की है ताकि प्रदेश की महिलाएं घर के काम के अलावा छोटे उद्योग खोल अपनी आजीविका सदृढ़ बना सकें।ये योजना गरीबों को उनका हक देने की योजना है। जितना पैसा खर्च होगा, करेंगे। आपके जीवन को ऊपर उठाने के लिए हरसंभव प्रयास करूँगा।

उन्होंने कहा कि गरीबों की ज़िंदगी बनाने के लिए पैसों को बाधा नहीं बनने दूँगा, गरीबों को आगे बढ़ाने के लिए उनके उत्तम भविष्य के लिए हर संभव प्रयास मैं करूंगा। लेकिन इसमें मुझे आप सभी का सहयोग भी चाहिए।मैं बेटियों की पूजा करता हूँ, उनके चरण धोकर मस्तक पर लगाता हूँ। बेटियों को हर क्षेत्र में आगे बढ़ने के अवसर दे रहे हैं। गुंडों की छाती छलनी करने के लिए पुलिस भर्ती में भी आरक्षण की व्यवस्था की है। मध्यप्रदेश में हमने दुराचार के आरोपी को फांसी की सजा का विधेयक पास किया है।