एससी-एसटी एक्ट का केस दर्ज कराने पर सवर्णों ने घेरा थाना, अधिकारियों के हाथ-पांव फूले

भिंड।

एक तरफ मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव नजदीक है और दूसरी तरफ एट्रोसिटी का मामला थमने का नाम नही ले रहा है। आए दिन इसको लेकर विवाद खडा हो रहा है। ताजा मामला भिंड से सामने आया है। यहां कचरा फेंकने को लेकर दो गुटों में विवाद हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि अनुसूचित जाति वर्ग के व्यक्ति ने पिछड़ा वर्ग के व्यक्ति पर एससी एसटी एक्ट के तहत थाने में पहुंचकर मामला दर्ज करवा दिया । जब यह बात सपाक्स और करणी सेना के नेताओं तक पहुंची तो उन्होंने सीधा थाने का घेराव कर लिया और क्रास एफआईआर दर्ज करवा दी।इस दौरान करणी सेना और सपाक्स ने खूब हंगामा किया और चक्काजाम करने तक की अधिकारियों को चेतावनी दे दी। इससे अधिकारियों के हाथ-पांव फूल गए। आनन-फानन में बड़े अधिकारियों को सूचना दी गई और उन्हें शांत करवाया गया।

मामला शहर के मातादीन पुरा के देहात थाने का है ।यहां के  राजू यादव पुत्र हाकिम सिंह यादव और विशाल उर्फ करू जाटव का घर एक दूसरे के आमने सामने हैं। सोमवार सुबह सात बजे दोनों के बीच कचरा डालने को लेकर विवाद हो गया। राजू के मुताबिक विशाल ने उनके सिर में पत्थर मारा, जिससे वे बेहोश हो गए।  उसके बाद विशाल ने देहात थाना में उनके खिलाफ मारपीट और एससी एसटी एक्ट का केस दर्ज करा दिया। जब यह बात सपाक्स और करणी सेना के लोगों को पता चली तो सवर्ण और पिछड़ा लोग एकत्रित होकर सोमवार की दोपहर तीन बजे देहात थाना पहुंच गए। साथ ही उन्होंने राजू की फरियाद पर विशाल जाटव और उनके साथियों के विरुद्ध केस दर्ज करने की मांग की। पहले तो पुलिस ने इस मामले में जांच के नाम पर आनाकानी की। लेकिन जब सवर्ण समाज के नेताओं ने थाना में धरना देने और हाईवे पर चक्काजाम करने की बात कही तो पुलिस एफआईआर लिखने के लिए तैयार हो गई।