शहीद SAF जवान सचिन का पैतृक गांव में हुआ अंतिम संस्कार, कल रात जंगल में मिला था शव

भिंड

एसएएफ जवान सचिन्द्र शर्मा सचिन शर्मा का आज उनके पैतृक गांव बोहारा में अंतिम संस्कार कर दिया गया है।इस दौरान पूरा गांव सचिन को अंतिम विदाई देने पहुंचा।अंतिम संस्कार से पहले एसपी ने पुष्पचक्र और पुलिस अधिकारियों और जवानों ने भी फूलमाला अर्पित कर उनको श्रद्धांजलि दी।  ।जवान की मौत की खबर के बाद से ही परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।32 वर्षीय सचिन्द्र शर्मा भिंड निवासी थे और दो माह से यहां पदस्थ थे।शहीद जवान सचिन एस ए एफ की 14वीं बटालियन में तैनात थे 

बता दे कि डकैतों की तलाश में सचिन अपने साथी जवानों के साथ दस्यु प्रभावित जंगल में गए थे। वही से वे अचानक लापता हो गए थे और रविवार शाम बगदरा के बटोही के जंगल में पुलिस को उनका शव मिला था। रविवार देर रात उनका शव बोहारा गांव पहुंचा और अाज अंतिम संस्कार किया गया।

दरअसल, तीन दिन पहले एसएएफ के 14वीं बटालियन के 12 जवान एएसआई कप्तान सिंह के नेतृत्व में बगदरा घाटी के जंगल में सर्चिंग करने पहुंचे थे। जहां दोपहर तक सर्चिंग करने के बाद जवानों को प्यास लगी, वे वापस कैम्प में आने का प्रयास करने लगे। इसी बीच तीन जवानों की हालत बिगड़ने लगी तो कुछ जवानों ने कैम्प में जाकर पानी लाने की कोशिश की। लेकिन जब वे पानी लेकर पहुंचे तब तक मौके से तीन जवान लापता हो चुके थे। हालांकि एसएएफ की खोजबीन के बाद दो जवान तो बेहोशी की हालत में मिल गए। लेकिन तीसरे जवान सचिन शर्मा का कोई पता नहीं चल सका । इसकी जानकारी सतना एसपी को दी गई। एसपी ने रात में ही सर्चिंग की कमान संभाल ली। तकरीबन 48 घंटे चली सर्चिंग के दौरान पुलिस के ढाई सौ से अधिक जवान जुटे रहे, रविवार की देर शाम जंगल से तकरीबन 13 किमी. दूर सचिन्द्र का शव देखा गया। हालाकि अभी तक पता नही चल पया है कि जवान की मौत किस परिस्थिति में हुई है। फिलहाल पुलिस को उनकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आने का इंतजार है ,जिससे खुलासा हो पाएगा कि आखिर जवान की मौत कैसी हुई।

मृतक जवान के परिजनों ने आरोप लगाया कि जवान की मौत लापरवाही की वजह से हुई है। इसकी जांच होनी चाहिए। वहीं सतना पुलिस अधीक्षक की मानें तो जवान की मौत प्यास और रास्ता भटकने की वजह से हुई है।