हमारा संघर्ष किसी जाति, समाज या वर्ग विशेष से नहीं: हीरालाल त्रिवेदी

इंदौर।आकाश धौलपुरे।

देश की राजनिति में ये कयास लगाए जा रहे थे सामान्य वर्ग का एक बडा हिस्सा सपाक्स के रुप में भूचाल ला देगा लेकिन इंदौर में सपाक्स के राष्ट्रीय अध्यक्ष हीरालाल त्रिवेदी ने स्टेट प्रेस क्लब द्वारा होलकर ज्ञान मंडपम अभय प्रशाल में आयोजित आमने सामने कार्यक्रम में ये साफ कर दिया है कि वो राजस्थान, छत्तीसगढ़ में चुनाव न लड़कर महज क्षेत्रीय दलों का समर्थन करेगें। उन्होने ये भी साफ किया  कि सपाक्स केवल सवर्णो की पार्टी नही है बल्कि सपाक्स के साथ पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक वर्ग भी जुडा हुआ है। सपाक्स ने मध्य प्रदेश की सभी सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है| 

त्रिवेदी ने मीडिया को बताया कि कई मुद्दो पर सपाक्स को दलितो का भी समर्थन मिल रहा है वही उन्होने ये भी साफ किया कि जयस आदिवासी संगठन से भी समर्थन मिलने की उम्मीद है। दरअसल, त्रिवेदी ने इंदौर में साफ कर दिया कि वो कांग्रेस और बीजेपी दोनो ही प्रमुख राजनितिक दलों के सामने ये बात रख रहे है वे परिवारवाद के विरोध में है ना कि किसी पार्टी से उनका कोई मतभेद है। वही एट्रोसिटी एक्ट को लागू करने के मुद्दे पर उन्होने स्पष्ट किया कि दलित वर्ग ने इस एक्ट की मांग नही की थी बावजूद इसके भाजपा ने इसे लागू कर दिया है। इधर, उन्होने दलितों के मंदिर जाने पर रोक, पानी पीने पर रोक सहित अन्य अत्याचारों के मामलें संरक्षण की बात भी कही। उन्होनें ये भी साफ कर दिया कि दोनो ही प्रमुख पार्टियां इस भ्रम में जी रही है कि सामान्य वर्ग का वोटर उनका है जबकि परिस्थितियां बदलती जा रही है। त्रिवेदी ने कहा कि हमारा संघर्ष किसी जाति, समाज या वर्ग विशेष से नहीं बल्कि जातिगत कानून एवं नियमों से होने भेदभाव और अन्याय से है।