राजस्थान के घटनाक्रम के बाद MP में भी समर्थन पर उठे सवाल, बसपा MLA बोले-आदेश नही मिला

भोपाल।

राजस्थान में बसपा के छह विधायकों के कांग्रेस में शामिल होने के बाद बसपा सुप्रीमो मायावती भड़क गई है। उन्होंने नाराजगी जताते हुए कांग्रेस को गैर-भरोसेमंद और धोखेबाज पार्टी करार दिया है।वही इस पूरे घटनाक्रम के बाद एमपी में भी सियासत गर्मा गई है। चुंकी राजस्थान की तरह मध्यप्रदेश में भी  बसपा ने कांग्रेस को समर्थन दिया है, हालांकि बसपा विधायकों से जब इस बारे में चर्चा की गई तो उन्होंने साफ कह दिया कि एमपी की स्थिति अलग है और वे कांग्रेस में शामिल नही होंगें।सुत्रों की माने तो एमपी को लेकर मायावती सतर्क हो सकती है और आने वाले दिनों में बड़ा कदम उठा सकती है।

दरअसल, मंगलवार को राजस्थान में बहुजन समाजवादी पार्टी के सभी छह विधायक कांग्रेस में शामिल हो गए हैं। बसपा के छह विधायकों ने विधानसभा अध्यक्ष सी पी जोशी को सोमवार देर रात एक पत्र सौंपा। विधायकों ने बिना शर्त कांग्रेस में शामिल होने की बात कही है।कांग्रेस के इस कदम के बाद बसपा सुप्रीमों नाराज हो गई है और अब एमपी में भी हलचल तेज हो चली है।राजस्थान के बाद मध्यप्रदेश में भी ऐसे हालात बनने की संभावना जताई जा रही है। जब इस बारे में बारे में कमलनाथ सरकार को समर्थन दे रहे बसपा विधायकों से सवाल किया तो उन्होंने इंकार कर दिया।

विधायक संजीव कुशवाहा ने कहा- अगर भविष्य में ऐसी कोई स्थिति बनती है तो गाजे-बाजे के साथ घोषणा करेंगे।  राजस्थान की स्थितियों के बाद कांग्रेस से समर्थन वापस लेने या नहीं लेने पर बात नहीं हुई है और ना ही मायावती की तरफ से कोई संदेश मिला है। हालांकि उन्होंने ये जरूर कहा कि मायावती ने ही कांग्रेस को समर्थन दिया है और वहीं उसे वापस ले सकती हैं। वही दमोह जिले की पथारिया से बसपा विधायक रामबाई ने कहा- वो मरते दम तक मायावती के साथ रहेंगी। उनका जो आदेश होगा उसका पालन किया जाएगा। 

खास बात ये है कि विधायक ऐसे समय पर शामिल हुए है जब कुछ ही महिनों में राजस्थान में नगर निकाय और पंचायत चुनाव होने वाले है, वही मध्यप्रदेश में भी चुनावों की सुगबुगाहट तेज है,  ऐसे में अगर मायावती अपना समर्थन वापस लेती हैं तो कमलनाथ सरकार के लिए मुश्किलें खड़ी हो सकती हैं क्योंकि कमलनाथ सरकार को समर्थन दे रहे निर्दलीय विधायक कई बार सरकार के खिलाफ नाराजगी भी जाहिर कर चुके हैं । सुत्रों की माने तो राजस्थान के घटनाक्रम से सीख लेते हुए मायावती एमपी को लेकर बड़ा कदम उठा सकती है।


"To get the latest news update download the app"