Breaking News
अधिकारी की कलेक्टर को नसीहत, 'आपकी कार्यशैली पर लज्जा आती है, तबादला करा लें' | दागियों का कटेगा टिकट, साफ-सुथरी छवि के नेताओं को चुनाव में उतारेगी भाजपा | फ्लॉप रहा कांग्रेस का 'घर वापसी' अभियान, सिर्फ कार्यकर्ता लौटे, नेताओं ने बनाई दूरी | शिवराज कैबिनेट की बैठक ख़त्म, इन प्रस्तावों पर लगी मुहर | सीएम चेहरे को लेकर सोशल मीडिया पर जंग, दिग्विजय भड़के | मुख्यमंत्री के काफिले पर पथराव, महिदपुर- नागदा के बीच की घटना, पुलिस वाहन के कांच फूटे | अब भोपाल में राहुल ने फिर मारी आंख, वीडियो वायरल | एमपी की 148 सीटों पर खतरा, बिगड़ सकता है बीजेपी का चुनावी गणित | LIVE: ऊपर से टपकने वाले को नहीं मिलेगा टिकट : राहुल गांधी | राहुल की सभा में उठी सिंधिया को सीएम कैंडिडेट घोषित करने की मांग |

50 लाख से अधिक कीमत की जहरीली शराब जब्त, आरोपियों का भाजपा से कनेक्शन

देवास

अवैध रुप से जहरीली शराब बनाने के ठीकाने पर आबकारी विभाग के दल ने कार्रवाई की जिसमें विभाग ने 50 लाख रुपए से अधिक कीमत की ओपी,स्प्रिट व अन्य शराब बनाने की सामग्री जब्त की। दरअसल भौंरासा में एक घर में अवैध शराब बनाने की सूचना सहायक आबकारी आयुक्त को मिली। सहायक आबकारी आयुक्त संजीव कुमार दुबे ने तत्काल सब इंस्पेक्टर शलिनी सिंह को मौके पर जाने के निर्देश दिए। जिस पर पता चला कि भौंरासा में गुड्डा उर्फ दीपक जायसवाल घर के अंदर ओपी से नकली शराब बनाने का बड़े पैमाने पर अवैध कारोबार चल रहा है। इस बात की सूचना तत्काल सहायक आबकारी आयुक्त को दी गई। इसी दौरान आबकारी की टीम के आने की शंका होने पर दीपक उर्फ गुड्डा जायसवाल, महेश जायसवाल, जमुनालाल लोधी, रोहित जायसवाल के साथ दो अन्य साथी भाग गए। जिसके बाद आबकारी विभाग की टीम मौके पर पहुंची। मौके पर दुकान की शटर खोली गई। अंदर दो तीन कमरे में कुछ नहीं मिला। जिसके बाद आबकारी विभाग को अलमारी बनी हुई नजर आई। शंका होने पर जब अलमारी को हटाया तो नीचे तलघर दिखा। तलघर में उतरकर देखा तो वहां शराब बनाने की स्प्रिट से भरी 30-30 लीटर की करीब 52 केन रखी हुई थी। जिसकी मात्रा करीब 1500 लीटर है। केन में भरी स्प्रिट की कीमत 50 लाख रूपए बताई जा रही है। आबकारी विभाग ने स्प्रिट मदिरा तथा अन्य सामग्री जप्त कर मध्य प्रदेश आबकारी अधिनियम 1915 की धारा 34(1) क,34(2), 49(क) के तहत गुड्डा उर्फ  दीपक जायसवाल, महेश जायसवाल जमनालाल लोधी, रोहित जायसवाल तथा 2 अन्य अज्ञात आरोपियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया। फिलहाल सभी आरोपी फरार बताए जा रहे है।

कार्रवाई में इनका रहा योगदान

जहरीली अवैध शराब पकडऩे में सहायक जिला आबकारी अधिकारी अनिल कुमार माथुर, राघवेन्द्र सिंह कुशवाह आबकारी उपनिरीक्षक शालिनी सिंह, महेश पटेल, राजकुमारी मंडलोई, निधि शर्मा, प्रेमनारायण यादव, आबकारी मुख्य आरक्षक राजाराम रैकवार,  विष्णुप्रसाद कलोसिया, गोपाल जमीदार, दीपक धुरिया, आरक्षक बालकृष्ण जायसवाल, गजेंद्र सिंह चौहान,  गोविंद बड़ावडिय़ा, दीपक टटवाडे, नितिन सोनी, सनत औझा, संगीता यादव शामिल थे।

 लंबे समय से चल रहा था अवैध शराब का कारोबार

सूत्रों के अनुसार भौंरासा क्षेत्र में लंबे समय से उक्त अवैध जहरीली शराब का कारोबार लंबे समय से चल रहा था। बताया जा रहा है बड़े पैमाने पर अवैध शराब का कारोबार करने वाले आरोपी भाजपा से जुड़े है और बड़े रसूखदार नेताओं का उन्हें संरक्षण प्राप्त है। आरोपियों के घर से जो जहरीली शराब पकड़ाई है उसका बाजार मूल्य 50 लाख से अधिक बताया जा रहा है। भौंरासा में अवैध रुप से शराब बनाई जाती थी और इसे यहां से परिवहन करके दूसरी जगह भेजा जाता था। जिसकी किसी को कोई भनक तक नहीं लगती थी। 

  Write a Comment

Required fields are marked *

Loading...