Breaking News
दागियों का कटेगा टिकट, साफ-सुथरी छवि के नेताओं को चुनाव में उतारेगी भाजपा | फ्लॉप रहा कांग्रेस का 'घर वापसी' अभियान, सिर्फ कार्यकर्ता लौटे, नेताओं ने बनाई दूरी | शिवराज कैबिनेट की बैठक ख़त्म, इन प्रस्तावों पर लगी मुहर | सीएम चेहरे को लेकर सोशल मीडिया पर जंग, दिग्विजय भड़के | मुख्यमंत्री के काफिले पर पथराव, महिदपुर- नागदा के बीच की घटना, पुलिस वाहन के कांच फूटे | अब भोपाल में राहुल ने फिर मारी आंख, वीडियो वायरल | एमपी की 148 सीटों पर खतरा, बिगड़ सकता है बीजेपी का चुनावी गणित | LIVE: ऊपर से टपकने वाले को नहीं मिलेगा टिकट : राहुल गांधी | राहुल की सभा में उठी सिंधिया को सीएम कैंडिडेट घोषित करने की मांग | राहुल के भोपाल दौरे पर वीडियो वार..'कांग्रेस हल है या समस्या' |

आत्महत्या के इरादे से छज्जे पर चढ़े तीन छात्र, अफसरों के हाथपांव फूले

ग्वालियर । 

जीवाजी विश्वविद्यालय के कर्मचारियों और अफसरों की लापरवाही के चलते हालात ये हो गए हैं की छात्र अब आत्महत्या करने की धमकी देने लगे हैं। परेशान तीन छात्रों ने भी ऐसा ही किया। वे आत्महत्या के इरादे से बिल्डिंग के छज्जे पर कूद गए।छात्रों के इरादे सुन अफसरों के हाथपांव फूल गए । उन्होंने समझाइश के बाद छात्रों को ऊपर बुला लिया।

IPS के एमपी एड के छात्र कुणाल सिंह भदौरिया को जीवाजी विवि ने फर्स्ट ईयर एक्जाम में एब्सेंट कर दिया । वो रिजल्ट सुधरवाने के लिए बहुत दिनों से परेशान हो रहा था । कुणाल अपने दो साथियों नवीन कुमार और भरत सिंह कुशवाह के साथ विश्वविद्यालय के प्रशासनिक भवन की तीसरी मंजिल के छज्जे पर कूद गया और आत्महत्या करने की धमकी देने लगा। कुणाल के साथ बाकी दोनों  छात्र भी विश्वविद्यालय की मनमानी से परेशान थे। उन्हें जबरन फेल किया गया था। छात्रों का हंगामा देख कुछ छात्र वीडियो बनाने लगे तो एक छात्र वहां ऐ ऊपर आ गया लेकिन दो छात्र छज्जे पर ही बैठे रहे।

छात्रों के छज्जे पर बैठने की सूचना पर सुरक्षा गार्ड राजवीर सेंगर साथी जितेन्द्र के साथ छात्रों से ऊपर आने का निवेदन करने लगा। इतने में छात्रों के हंगामे की खबर सुनकर प्रभारी कुलपति प्रो आरजे राव, कुल सचिव आनंद मिश्रा,उप कुल सचिव राजीव मिश्रा, विभागाध्यक्ष केशव सिंह गुर्जर मौके पर पहुंचे और छात्रों को वहां से हटने के लिए कहा । लेकिन कुणाल ने कहा कि हमारा भविष्य ख़राब हो रहा है और विवि को फ़िक्र नहीं है । हमारे पास सिर्फ आत्महत्या का ही रास्ता बचा है। बहुत देर के प्रयास के बाद छात्रों को भरोसा दिया गया कि जल्दी ही उनकी समस्या का निदान कर दिया जयेगाताब कहीं जाकर दोनों छात्र छज्जे से ऊपर आये। बाद में छात्रों की पूरी बात सुनने के बाद प्रबंधन ने उन्हें लिखित में भरोसा दिया कि उनकी कॉपियों की रेंडम जांच कराई जाएगी यदि अन्याय हुआ है तो पास कराया जायेगा ।

  Write a Comment

Required fields are marked *

Loading...