भगोरिया पर्व की धूम: एसपी-कलेक्टर ने बजाया ढोल..नांचे लोग

भोपाल। आमतौर पर राजनेता ही लोगों के बीच उनके रंग में ढलकर चर्चा में रहते हैं, लेकिन मप्र में नौकरशाह भी जनता के बीच जाने से अब परहेज नहीं कर रहे हैं। अफसरों का यह आइडिया लोगों में खासा चर्चा का विषय बना है। फाल्गुन महीने में झाबुआ जिले में विश्व प्रसिद्ध भगोरिया पर्व का आयोजन हो रहा है। जिसमें शामिल होने के लिए दुनिया भर से लोग पहुंचते हैं। झाबुआ कलेक्टर आशीष सक्सेना और एसपी महेशचंद जैन भी भगोरिया में ढोलक की थाप में ठुमके लगाने से खुद को नहीं रोक पाए। कलेक्टर का यह अंदाज लोगों में खासा चर्चा में रहा।

कलेक्टर और एसपी जब मेले में व्यवस्थाओं का जायजा लेने पहुंचे तो, भगोरिया में शामिल भीड़ ने उन्हें भी ढोलक थमा दिया। अफसरों का इस तरह का रवैया सरकार और जनता के बीच की दूरी का कम करने का काम करता है।

विश्वप्रसिद्ध भगोरिया पर्व की धूम इस बार देखते ही बनती है, देश विदेश के लोग आदिवासी परमपराओं में रमने यहाँ पहुंचे हैं| आधुनिकता के जमाने में भी यह पर्व हर साल नई पहचान गढ़ रहा है और अब विश्व भर में इस आयोजन की खबर है| इस बाद झाबुआ में अब तक हुए भगोरिया हाट ने सारे रिकार्ड तोड़ दिए। भगोरिया सहित किसी भी चुनावी सभा और बड़े आयोजन में इतनी भीड़ कभी नहीं जुटी। रिकार्ड करीब 60 से 70 हजार लोग भगोरिया में शामिल हुए। शहर के सभी बाजार और सडक़ें खचाखच भरी रहीं। होलिका दहन के पूर्व सात दिनों तक मनाया जाने वाला सांस्कृतिक पर्व भगोरिया 25 फरवरी को झाबुआ, रायपुरिया, काकनवानी एवं ढोल्यावाड में मनाया गया। नए परिधानों व परंपरागत गहने, चश्मा धारण किए हुए युवक-युवतियों ने भगोरिया में खूब आनंद लिया। ढोल-मांदल के साथ थिरकते हुए युवक-युवतियों ने ढोल पर नाच कर कुर्राटी के साथ भगोरिया उत्सव का आनंद लिया। 26 फरवरी को जिले में कुंदनपुर, रंभापुर, पेटलावद एवं मोहनकोट में भगोरिया उत्सव मनाया गया|