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VIDEO: फुटबॉल पर शिवराज की 'पिक'.. महिलाओं ने लगाई विरोध की 'किक'

खंडवा| सुशील विधानी| फीफा वर्ल्ड कप 2018 रूस में खेला जा रहा है| टूर्नामेंट 14 जून को शुरू हुआ और 15 जुलाई को फाइनल खेला जाएगा| लेकिन देश भर में भी फुटबॉल का फीवर देखने को मिल रहा है| विरोध भी अब फुटबॉल खेलकर जताया जा रहा है| ऐसा ही एक अनोखा विरोध खंडवा में देखने को मिला, जहां मनरेगा की मजदूरी के लिए कई दिनों से रेशम मजदूर भटक रहे हैं, लेकिन हर बार उन्हें फुटबॉल की तरह रोज ही झूठे आश्वासन की किक मारकर वापस भेज दिया जा रहा था, इसके विरोध में महिला मजदूरों ने सीएम के चित्र वाली फुटबॉल से खेलकर विरोध जताया| हालांकि जैसे ही पुलिस को इसकी सूचना मिला तत्काल मौके पर पहुंचकर उन्होंने इस खेल को रुकवाया और फुटबॉल कब्जे में ली| 

दरअसल,  मनरेगा की मजदूरी के लिए रेशम मजदूर किसानों का धरना-प्रदर्शन जिला पंचायत में चल रहा है। धरने के सातवें दिन रेशम मजदूर ने अनोखा प्रदर्शन करते हुए मप्र के सीएम के चित्र की फुटबॉल बनाकर खेली। इसकी जानकारी पुलिस को मिलते ही बल मौके पर पहुंचा और खेल रुकवाकर फुटबॉल कब्जे में ली। मजदूरों का कहना था कि अधिकारियों, नेताओं ने हमें फुटबॉल बनाकर रख दिया है, इसलिए हम भी अब मुख्यमंत्री की फुटबॉल बनाकर खेल रहे हैं। पुलिस को इस खेल की जानकारी लगी तो सीएसपी मनोहरसिंह बारिया और पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। सीएसपी ने किसानों को चेतावनी दी कि यदि इस तरह की कोई भी हरकत की तो केस बन जाएगा। राष्ट्रीय किसान मजदूर संघ के विशाल शुक्ला, सौरभ कुशवाह ने कहा, मजदूरों के साथ अन्याय हो रहा है, इसलिए उनका आक्रोश मुख्यमंत्री के खिलाफ निकला है। सीएसपी का कहना था कानून को कोई हाथ में न ले।  


मजदूरों का कहना है कि प्रशासन ने मनरेगा अंतर्गत मजदूरी कार्य कराने के बाद भी अधिनियम का उल्लंघन करते हुए तीन वर्ष से भुगतान लंबित करके क्रूरता की है।खेतों में तैयार रेशम की फसलें नष्ट कराकर क्रूरता की है।  किसानों को परंपरागत फसलोत्पादन व रेशम उत्पादन, दोनों फसलें प्राप्त करने वंचित कर दोहरा नुकसान किया है।



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