घोषणा से पहले बाबूलाल गौर और बहू कृष्णा ने खरीदा नामांकन फॉर्म, चर्चाओं का बाजार गर्म

भोपाल

भाजपा ने उम्मीदवारों की दूसरी और कांग्रेस ने अपनी तीसरी लिस्ट जारी कर दी है, लेकिन अब तक भोपाल की गोविंदपुरा सीट से दोनों दलों ने उम्मीदवार घोषित नही किया है। उम्मीदवार घोषित ना किए जाने पर दावेदारों में बैचेनी बढ़ती जा रही है।सीटों के इस घमासान के बीच वही पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर और उनकी बहू कृष्णा गौर ने नामांकन फॉर्म खरीदकर राजनैतिक गलियाओं में हलचल पैदा कर दी है।

हालांकि गौर सोमवार को साफ कह चुके है कि प्रधानमंत्री मोदी गौर एक बार और कह चुके है ऐसे में उनका टिकट काटने का सवाल ही नही उठता, वे गोविंदपुरा से और बीजेपी से ही हर हाल में चुनाव लड़ेंगें। गौर के इस कदम के बाद भाजपा में हड़कंप की स्थिति पैदा हो गई है।

दरअसल, भाजपा ने भोपाल की पांच सीटों पर अपने उम्मीदवार उतार दिए है, लेकिन अब तक दो सीटों पर घोषणा नही की है, इसमें एक सीट गोविंदपुरा की है।पार्टी से गौर को पहले ही टिकट कटने के संकेत मिल चुके है।इसके चलते वे लगातार बहू कृष्णा के लिए टिकट की मांग कर रहे है। बाबूलाल गौर की बहू कृष्णा गौर मेयर रह चुकी हैं। गौर ने साफ कह दिया है कि वह चुनाव लड़ेंगे और गोविंदपुरा सीट से ही चुनाव मैदान में उतरेंगे। इसी के चलते उन्होंने मंगलवार सुबह नामांकन फार्म खरीद लिया है। उनके इस कदम के बाद राजनीति मे भूचाल आ गया है, चर्चाओं का बाजार गर्म हो चला है। वही कांग्रेस ने भी अब तक अपना उम्मीदवार घोषित नही किया है, खबर है कि कांग्रेस भाजपा की तरफ से नाम का इंतजार कर रही है। 

वही हुजूर सीट से भाजपा के श्याम सिंह मीना ने निर्दलीय चुनाव लड़ने नामांकन भर दिया है। मीना भाजपा उम्मीदवार रामेश्वर शर्मा के विरोध में उतर रहे हैं। पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष कोलार व कांग्रेस की कार्यकर्ता मुन्नी यादव ने भी हुजूर सीट से चुनाव लड़ने के लिए नाम निर्देशन पत्र जमा किया, हालांकि उन्हें कांग्रेस की ओर से टिकट मिलने की घोषणा नहीं हुई है।