MP : जिला ODF फिर भी इस गांव में नही एक भी शौचालय, शौच के लिए बाहर जाने को मजबूर महिलाएं

सीहोर।

केद्र सरकार और राज्य सरकार स्वच्छता अभियान के तहत् शौचालय बनने के लिए करोडों रूपए खर्च कर रही है ।लेकिन प्रशासन के अधिकारी और कर्मचारी अपनी वहवाही लूटने के लिए फर्जी आंकडे पेश करके कागजों पर ओडीएफ घोषित कर दिया है। गौरतलब है सीहोर जिला मुख्यमंत्री शिवराजसिहं चौहान का गृह जिला है जो कि 20 मार्च 2017 में तात्कालिक कलेक्टर सुदाम खाडे ,जिला पंचायत सीईओ डा.केदार सिह ने ओडीएफ करवा दिए था।

पूरा जिला खुले से शौचमुक्त है  लेकिन एक वन​ग्राम सिराली ऐसा भी है जहां की आबादी 300से अधिक और 50,60 मकान बने हुए है लेकिन एक भी घरों में शौचालय नही है सीहोर से 70 कि मी दूर काले पहाड पर बसा यह गांव जो आज भी मूलभूत समस्या से लड रहा है पानी सडक और शौचालय तक इस गांव में नही है जब मौके पर मीडिया ने जायजा लिया गांव का तो देकर दंग रह गए क्योकि जो गांव सिराली है वह मुख्यमंत्री शिवराजसिहं चौहान के गृह विधानसभा बुधनी में आता हैं जब ओडीएफ की पोल उनकी ही विधानसभा में खुल गई तो क्या होगी।

 सीहोर जिले की ओडीएफ की हकिकत ।यह भी बताए जाता है सिराली ग्राम के सचिव सुनिल बारेल की पत्नि निर्मला बारेला भाजपा से बालसरक्षंण की सदस्य है, इसलिए अधिकारी भी इस सचिव पर कार्रवाई करने से डर रहे है । और खास बात यह है कि मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के करीबी माना जाता है। सचिव सुनील बारे में जो कि कुछ दिन पहले ही मुख्यमंत्री खुद उनकी विधानसभा में सुनील बारेला को हेलीकॉप्टर में बिठाकर ले गए थे, जिसके बाद से ही प्रशासन कहीं ना कहीं णच आजतक नजर आता है, लेकिन गरीब मजदूर वर्ग के लोगों को एक शौचालय के लिए आज भी बाहर जाना पड़ रहा है । सबसे बड़ी बात यह है कि मुख्यमंत्री की विधानसभा में शौचालय की पोल खुल रही तो पूरे जिले में डीएफ की क्या हकीकत होगी।

यह कहते है कलेक्टर 

आपके द्वारा बताए गए है कोई गांव ​सिराली है जहां पर शौचालय नही।  तत्काल एसडीएम को निर्देशित कर दिया है मौके पर जाकंर देखे और शौचालय नही तो क्या कारण है ।क्यों नही बने जानकारी लेकर और तत्काल बनवाने के लिए निर्देशित करे ।

तरूणकुमार पिथौडे कलेक्टर सीहोर