Commonwealth Games 2018 : भारत की झोली में चौथा गोल्ड, वेंकट ने रचा इतिहास

नई दिल्ली| कॉमनवेल्थ गेम्स में शुरुआत से ही भारत की झोली में गोल्ड की बरसात हो रही है| तीसरे दिन सतीश कुमार शिवालिंगम के बाद आर वेंकट राहुल ने वेटलिफ्टिंग में दिन का दूसरा गोल्ड मेडल है और इसी के साथ भारत की झोली में चार गोल्ड आ चुके है|  सतीश ने जहां 77 किलोग्राम कैटेगरी में गोल्ड जीता वहीं वेंकट ने 85 किग्रा कैटेगरी में भारत को गोल्ड दिलाया| भारत के खाते में अब तक 4 गोल्ड 1 सिल्वर और 1 ब्रॉन्ज मेडल के साथ कुल 6 मेडल आ चुके हैं और वो टैली में चौथे स्थान पर है| 

सतीश कुमार शिवालिंगम (77 किग्रा) ने जांघ में दर्द के बावजूद 21वें कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत को शनिवार को यहां तीसरा गोल्ड मेडल दिलाया। इसके बाद 21 साल के वेंकट राहुल ने कुल 338 किग्रा का वजन उठाकर गोल्ड जीता| राहुल को समोआ के डॉन ओपेलोज से करीबी चुनौती का सामना करना पड़ा जो कुल 331 किग्रा का वजन उठाने में सफल रहे| राहुल अपनी मां की बीमारी की वजह से रियो ओलंपिक में दावेदारी नहीं कर पाए थे| पिछले साल राष्ट्रमंडल चैम्पियनशिप में राहुल ने कुल 351 किग्रा (156 किग्रा और 195 किग्रा ) का वजन उठाया था|  वेंकट राहुल ने कुल 338 किग्रा वजन उठाकर गोल्ड अपने नाम कर लिया| स्नैच में 151 और क्लीन एंड जर्क में 187 किग्रा वजन उठाया वेंकट राहुल और सामोआ के खिलाड़ी के बीच कांटे की टक्कर चल रही थी. दोनों ने स्नैच में 151 किग्रा वजन उठाया| वहीं क्लीन एंड जर्क में राहुल ने दूसरे प्रयास में 187 किग्रा वजन उठाया, लेकिन तीसरे प्रयास में 191 किग्रा उठाने में असफल रहे| वहीं सामोआ के खिलाड़ी ने पहली कोशिश में 180 किग्रा वजन उठाया और दूसरी को​शिश में 188 उठाने में नाकाम रहे। तीसरे में वजन बढ़ाते हुए 191 किग्रा कर दिया, लेकिन उसे भी उठाने में वह असफल रहे.


इससे पहले शनिवार को गोल्ड कोस्ट कॉमनवेल्थ गेम्स 2018 के तीसरे दिन वेटलिफ्टर सतीश शिवालिंगम ने पुरुषों की 77 किलोग्राम की कैटेगरी में गोल्ड मेडल जीता था| सतीश ने स्नैच में 144 का सर्वश्रेष्ठ भार उठाया, तो वहीं क्लीन एंड जर्क में 173 का सर्वश्रेष्ठ भार उठाया, कुल मिलाकर उनका स्कोर 317 रहा|