शिक्षा क्षेत्र में किये गए नवाचारों तथा उपलब्धियों के आधार पर MP के इस जिले को देश में प्रथम स्थान

दमोह,गणेश अग्रवाल

दमोह कलेक्टर तरुण राठी के प्रेरक मार्गदर्शन में ज़िले के 7 विकासखंडों में संचालित 1965 प्राथमिक तथा माध्यमिक शालाओं में सतत आयोजित की गई, गतिविधियों के फलस्वरूप दमोह को देश के आकांक्षी 112 ज़िलों में प्रथम स्थान पर आने का गौरव प्राप्त हुआ।

आकांक्षी जिला कार्यक्रम देश भर में नीति आयोग द्वारा वर्ष 2018 में कुल 112 ज़िलों का चिन्हांकन आकांक्षी ज़िलों के रूप में किया गया था। आकांक्षी ज़िलों के चयन हेतु विकास सम्बन्धी सूचकांकों का निर्धारण किया गया था। इस सूचकांकों में शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, वित्तीय समावेशन तथा महिला साक्षरता प्रमुख आयाम थे। मध्यपद्रेश में 8 ज़िले आकांक्षी ज़िलों के रूप में चयनित थे, जिनमे दमोह भी सम्मिलित है।

नीति आयोग द्वारा प्रतिमाह ज़िलों में इन आयामों के अंतर्गत किये गए कार्यों तथा उपलब्धियों के आधार पर डेल्टा रैंकिंग जारी की जाती है। माह जनवरी-जून हेतु नीति आयोग द्वारा जारी की गई, डेल्टा रैंकिंग के अनुसार दमोह को शिक्षा क्षेत्र में किये गए, नवाचारों तथा उपलब्धियों के आधार पर पूरे देश में प्रथम स्थान हासिल हुआ है। प्रतिमाह कार्य प्रगति की मासिक समीक्षा चैंपियन ऑफ़ चेंज पोर्टल के माध्यम से की जाती है।