एक दर्जन से ज्यादा भितरघातियों पर एक्शन की तैयारी में कमलनाथ, मिली रिपोर्ट

उन्होंने बताया कि करीब एक दर्जन छोटे-बड़े नेताओं के खिलाफ लड़ाई को शिकायत मिली है। वहीं मंडल और ब्लॉक स्तर पर प्रभारियों के भी भीतरघात करने के मामले सामने आए हैं।

नेता प्रतिपक्ष

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (Madhya pradesh) के उपचुनाव (By-election) में मिली करारी हार के बाद भितरघातियों पर कांग्रेस (congress) ने शिकंजा कस लिया है। जहां पार्टी विरोधी गतिविधि करने वाले नेताओं एवं प्रभारियों की शिकायत रिपोर्ट पीसीसी चीफ कमलनाथ (kamlanth) तक पहुंच गई है। वहीं कांग्रेसी कुनबे में एक दर्जन से ज्यादा नेताओं पर निष्कासन का डर समा गया है।

दरअसल उपचुनाव में पार्टी विरोधी गतिविधि करने वाले नेताओं की लिस्ट कांग्रेस के शीर्ष नेतृत्व द्वारा मांगी गई थी। जो उन्हें उपलब्ध हो गई है। इसके साथ ही उन आरोपों की जांच की जा रही है। पड़ताल के बाद सामने आई रिपोर्ट को देखते हुए अब कमलनाथ एक्शन की तैयारी में नजर आ रहे हैं। वही आरोप और मामले की गंभीरता को अनुशासनहीनता के दायरे में देखते हुए कमलनाथ जल्द कुछ नेताओं की पार्टी से छुट्टी कर सकते हैं।

इधर भितरघाती नेताओं की रिपोर्ट पर बोलते हुए सज्जन सिंह वर्मा (sajjan singh verma) ने कहा कि 9 विधानसभा सीटों में भितरघात करने वाले नेताओं की शिकायत रिपोर्ट हमें प्राप्त हुई है। इसके साथ ही साथ हमें उनके ऑडियो-वीडियो प्रमाण भी मिले हैं। जिसकी जांच की जा रही है। जल्द इस मामले में अनुशासनहीनता करने वालों पर कमलनाथ एक्शन लेंगे।

Read More: MP Politics: बीजेपी ने मंत्री भूपेंद्र सिंह को सौंपी यह बड़ी जिम्मेदारी

सज्जन सिंह वर्मा ने कहा कि पार्टी को नुकसान पहुंचाने वाले नेताओं को 6 साल के लिए पार्टी से निष्कासन तक की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि करीब एक दर्जन छोटे-बड़े नेताओं के खिलाफ लड़ाई को शिकायत मिली है। वहीं मंडल और ब्लॉक स्तर पर प्रभारियों के भी भीतरघात करने के मामले सामने आए हैं। जिस पर जल्द ही कार्रवाई की जाएगी।

वहीं दूसरी तरफ पूर्व मंत्री कमलेश्वर पटेल (Kamleshwar Patel) ने पार्टी से मांग की है कि जल्द से जल्द कांग्रेस में शामिल फूलछाप कांग्रेसियों को पहचान कर उन पर एक्शन लेना चाहिए। इसके साथ ही साथ उन्होंने कहा कि नगर निकाय चुनाव से पहले यह कार्रवाई जरूरी है ताकि पार्टी को आगे और नुकसान का सामना ना करना पड़े।

बता दें कि मध्य प्रदेश में चुनाव को देखते हुए बड़ी संख्या में कांग्रेस पार्टी में नियुक्तियां की गई थी। बावजूद इसके कांग्रेस को 28 सीटों में से सिर्फ 9 पर जीत मिली थी। जिसके बाद पार्टी के कुछ नेताओं पर भितरघात और पार्टी के विरुद्ध गतिविधि करने का आरोप लगाया गया था। जिसके बाद भितरघाती करने वाले नेताओं की रिपोर्ट पीसीसी जब कमलनाथ और कांग्रेस कार्यालय द्वारा मांगी गई थी। अब रिपोर्ट उन्हें उपलब्ध हो गई है। जिस पर माना जा रहा है कि जल्द कमलनाथ कोई बड़ा फैसला लेंगे।