लॉकडाउन में गुरु निभा रहे धर्म, यू-ट्यूब पर सिखा रहे गणित तो वाॅट्सएप पर दे रहे होमवर्क

रतलाम।सुशील खरे

लॉकडाउन में एक तरफ जहां सभी घरों में कैद हैं। स्कूल(school)-कॉलेज(college) बंद हो चुके हैं, लेकिन शहर के कुछ गुरुदेव अपना धर्म नहीं भूले हैं। वे बच्चों को पढ़ाने के लिए सोशल मीडिया(social media) का सहारा ले रहे हैं। ऐसा इसलिए ताकि लॉकडाउन(lockdown) में बच्चा पढ़ाई से दूर ना हो जाए। बच्चों को यू-ट्यूब(youtube) पर वीडियो(video) से गणित के जटिल सवाल हल करना सिखा रहे हैं तो वहीं विद्यार्थी भी वाॅट्सएप(whatsapp) पर होमवर्क(homework) भेज रहे हैं। आइए मिलते हैं इन गुरुदेव से

5वीं से 12वीं तक पढ़ा रहे गणित, रोज होमवर्क भी देते हैं

ये मलवासा हाईस्कूल के प्राचार्य आरएन केरावत हैं। केरावत 5वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए वीडियो बना रहे हैं। पहले भी वीडियो के माध्यम से गणित के सवाल हल करना बताते थे, लेकिन अब वे कक्षा 6, 7, 8 के बच्चों के लिए भी वीडियो बनाना शुरू कर दिया है। ये रोज 2 वीडियो तैयार करते हैं। एक वीडियाे 15 से 20 मिनट का रहता है। 8वीं पास हो चुके बच्चों के लिए 9वीं का वाॅट्सएप ग्रुप बनाया है। इसमें ई-लर्निंग प्रोग्राम भी दिया जाता है। 12वीं के कठिन प्रश्नों का रिविजन भी करवा रहे हैं। विद्यार्थियों को वाॅट्सएप पर होमवर्क दिया जाता है, वे वाॅट्सएप पर ही होमवर्क सब्मिट भी करते हैं। केरावत कहते हैं किसी भी परेशानी के लिए विद्यार्थी मेरे मो. 9425124803 पर सुबह 8 से 12 और शाम को 8 से 10 बजे तक फोन कर सकते हैं।

वाॅट्सएप ग्रुप बनाया, रोज बनाते हैं दो से तीन वीडियो

ये केतन जोशी हैं। बरबोदना हायर सेकंडरी स्कूल में गणित के शिक्षक। जोशी रोज दो से तीन वीडियो बनाते हैं। इन वीडियो में वे कक्षा 9वीं से 12वीं तक के विद्यार्थियों को गणित के सवाल हल करना बताते हैं। इन्होंने बच्चों को जोड़कर एक वाॅट्सएप ग्रुप भी बनाया है। कोई भी परेशानी आने पर बच्चे वाॅट्सएप पर ही पूछ लेते हैं, समझ नहीं आने पर जोशी फोन के माध्यम से उन्हें समझाते हैं। बच्चों को लॉकडाउन में घरों में रहने की सीख दी जाती है। जोशी बताते हैं कि नया शैक्षणिक सत्र 1 अप्रैल से शुरू होना था, लेकिन लॉकडाउन हो गया। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई डिस्टर्ब हो रही थी। लंबा गैप ना हो इसलिए वीडियो से गणित के सवाल समझाए। बच्चों की अच्छी प्रतिक्रिया मिली। 12वीं के विद्यार्थी ने बताया कुछ समझ नहीं आता तो दोबारा वीडियाे देख लेते हैं।

द्रोणाचार्य अवार्डी हैं, राष्ट्रपति पुरस्कार। राज्यपाल से सम्मानित। कलेक्टर से सम्मानित। वहीँ राष्ट्रपति पुरस्कार मिल चुका है राजस्थान उदयपुर की पेसिफिक यूनिवर्सिटी से द्रोणाचार्य अवाॅर्ड, एनडीटीवी द्वारा पीयरसन अवाॅर्ड, विनय उजाला राष्ट्र स्तरीय सम्मान भी मिल चुका है