बेटों ने पिता की हत्या कर श्मशान में दफनाया, घर से निकाले जाने पर थे नाराज

बालाघाट, सुनील कोरे। पिता द्वारा मां और बच्चों को घर से निकाल दिये जाने से परेशान दो बेटों ने पिता के पास जाकर अपना हक मांगा। लेकिन पिता द्वारा उनकी मां को ही गालियां देकर लांछन लगाने पर आक्रोशित बेटों ने रात में पिता की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी और गांव के शमशान घाट में उसे दफन कर दिया। दफन किये गये शव पर उसकी खटिया रख दी जिसके बाद आरोपी वहां से फरार हो गये। घटना के खुलासे के बाद रूपझर पुलिस ने बालिग और नाबालिग दो बेटों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से हत्या और लाश को दफनाने में उपयोग किये गये लोहे के औजार, कुल्हाड़ी, कुदाली और फावड़ा बरामद कर लिया गया है। बालिग पुत्र आशीष कुंभरे को पुलिस ने बैहर न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भिजवा दिया है जबकि नाबालिग पुत्र को बाल न्यायालय में पेश किया गया।

जानकारी के अनुसार रूपझर थाना के डोरा चौकी अंतर्गत ग्राम बाबूटोला में सिंघई निवासी 40 वर्षीय दर्शनसिंह कुमरे बढई का कार्य करता था, जो विगत 29 जनवरी रात 9 बजे से लापता था। जिसकी गुमशुदगी की रिपोर्ट भाई गोरेलाल कुमरे ने डोरा चौकी में दर्ज कराई थी। इसी दौरान ही ग्रामीणों ने गांव के शमशानघाट में एक खटिया दिखाई दी जिसके नीचे शव को दफन किये जाने जैसा प्रतीत हो रहा था। शव दफन किये जाने वाले स्थान पर मिली खटिया की पहचान लापता दर्शनसिंह की खटिया के रूप में होने के बाद रूपझर पुलिस ने विधिवत मजिस्ट्रेट के आदेश पर कब्र को खुदवाकर शव बाहर निकाला, जो लापता दर्शनसिंह का था। जिसमें पुलिस ने मर्ग कायम कर विधिवत दर्शनसिंह का शव बरामद कर उसका पीएम करवाया गया। इसमें पाया गया कि कुल्हाड़ी से गर्दन, माथे और ठुड्ढी पर चोटें आने से दर्शनसिंह की मौत हुई है। जिस पर पुलिस ने हत्या और साक्ष्य को छिपाने की मंशा से शव को दफन किये जाने पर अपराधिक मामला दर्ज कर विवेचना में लिया।

विवेचना उपरांत पुलिस को पता चला कि दर्शनसिंह ने अपनी पत्नी और पुत्रों को घर से भगा दिया था। वर्तमान में पत्नी और पुत्र अपनी नानी के यहां निवास कर रहे थे जिन्हें खर्च पानी के लिए राशि की आवश्यकता होने पर दर्शनसिंह उन्हें कोई खर्च नहीं देता था जिसको लेकर पुत्र पिता से नाराज थे। 28 जनवरी को दर्शनसिंह के पुत्र आशीष कुमरे और नाबालिग छोटा भाई अपने पिता दर्शनसिंह के पास गये जहां उन्होंने जमीन का हक देने और मकान में रखने की बात कही थी। जिस पर पिता दर्शनसिंह ने पुत्रों के सामने ही उनकी मां को अश्लील गालियां देकर उस पर गंभीर लांछन लगाये थे जो पुत्रों को नागवार गुजरा और रात में दोनों ने मिलकर अपने पिता की हत्या कर  शव को दफन कर दिया। इस मामले में पुलिस ने जांच के उपरांत हत्या के दोषी पुत्र आशीष कुमरे और उसके नाबालिग छोटे भाई को गिरफ्तार कर लिया है। वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन और निर्देशन में हत्या के आरोपियों को गिरफ्तार करने में रूपझर थाना प्रभारी रविकांत डहेरिया, उपनिरीक्षक कैलाश साहू, एएसआई दुर्गाप्रसाद, प्रधान आरक्षक लखन कटरे, खूबसिंह बघेल, विजय अकेला, आरक्षक रतन, अभिलाष, अंकित, राजूसिंह और दीपक शर्मा की भूमिका सराहनीय रही।

इनका कहना है
पिता-पुत्रों में परिवार के खर्च और जमीन का हिस्सा और साथ नहीं रखने को लेकर विवाद था। 28 जनवरी को दोनो पुत्र पिता से मिलने उसके घर आये थे। जहां पिता द्वारा उनकी मां को गाली देकर उन्हें भगाने से नाराज दोनों पुत्रों ने पिता की हत्या कर उसके शव को दफन कर दिया था। जिस मामले में दोनो ही आरोपी पुत्रो को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले की जांच जारी है।
रविकांत डहेरिया, थाना प्रभारी रूपझर