इंदौर: यह इलाका अगले आदेश तक बंद, रेमेडीसीवीर पर कलेक्टर मनीष सिंह ने कही बड़ी बात

इंदौर में कोरोना कर्फ्यू को आगे बढ़ाने के सवाल पर कलेक्टर मनीष सिंह ने कहा कि फिलहाल मिनी कंटेनमेंट जोन बनाकर कोरोना से निपटा जा रहा है।

इंदौर कलेक्टर

इंदौर, आकाश धोलपुरे। मध्य प्रदेश (madhya pradesh) के सबसे संक्रमित जिले इंदौर (indore) में आंशिक लॉकडाउन की घोषणा की गई है। इसके साथ ही साथ मिनी कंटेनमेंट जोन (Mini Containment Zone) बनाए गए हैं। वही आज बैठक करते हुए जिला प्रशासन ने थोक सामान के बाजार सियागंज को अगले आदेश तक के लिए बंद कर दिया है। इस मामले में जिला कलेक्टर मनीष सिंह (manish singh) ने बैठक में यह बात कही है।

दरअसल जिला आपदा प्रबंधन समिति की बैठक करते हुए जिला कलेक्टर मनीष सिंह ने कहा थोक सामान के बाजार सियागंज में कोरोना कर्फ्यू का लगातार उल्लंघन किया जा रहा है। जहां पहले भी 6 दुकानों को सील किया गया था। इसके बाद अभी निर्णय लिया गया कि सियागंज बाजार को अगले आदेश तक पूर्ण रुप से बंद किया जाएगा।

इतनी कलेक्टर मनीष सिंह ने कहा कि कुछ अस्पताल द्वारा मरीजों से अधिक राशि लिए जाने की सूचना भी प्राप्त हुई है वही कोरोना मरीज को रेमेडिसिवीर इंजेक्शन नहीं लगाने की भी शिकायत मिल रही है। यह सभी शिकायतें छोटे अस्पतालों से आ रही है। वहीं उन्होंने अस्पताल संचालकों को आगाह करते हुए कहा है कि एक समिति बनाई गई है। जो छोटे अस्पतालों की जांच करेगी और अगर शिकायत को सही पाया जाता है तो ऐसे अस्पताल संचालकों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

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वही इंदौर में कोरोना कर्फ्यू को आगे बढ़ाने के सवाल पर कलेक्टर मनीष सिंह ने कहा कि फिलहाल मिनी कंटेनमेंट जोन बनाकर कोरोना से निपटा जा रहा है। लॉकडाउन आगे बढ़ाने की स्थिति पर भी कोई फैसला नहीं लिया गया है फिलहाल 7 मई तक करुणा कर्फ्यू प्रभावी रहेगा इसके बाद आगे की स्थिति को देखकर निर्णय लिया जाएगा।

बता दें कि इंदौर में लगातार संक्रमण के मामले बढ़ते जा रहे हैं। इस दौरान भीड़भाड़ वाले इलाके पर पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाया गया है वहीं मुख्यमंत्री के आदेश अनुसार जहां संक्रमण की रफ्तार तेज है। ऐसे जगह को कंटेनमेंट जोन में डालकर उसमें पूर्ण प्रतिबंध लगाए गए हैं। वहीं बीते दिनों इंदौर में 1787 नए मरीजों की पुष्टि हुई थी जबकि 8 मरीज संक्रमण से अपनी जान गवा चुके है। हालांकि राहत की बात यह है कि लगातार रिकवरी रेट में सुधार देखने को मिल रहे हैं वहीं रविवार को इंदौर से 968 मरीजों को अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया है।