विकिपिडिया ने अडानी ग्रुप पर लगाएं गंभीर आरोप, कही ये बात, जानकर आप हो जाएंगे हैरान

Manisha Kumari Pandey
Published on -

Wikipedia Allegations On Adani Group: हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट के बाद अडानी ग्रुप के शेयरों में लगातर गिरावट आ रही है। वहीं गौतम अडानी भी टॉप 20 अमीरों की लिस्ट से बाहर हो चुके हैं। अब विकिपिडिया ने अडानी समूह पर गंभीर आरोप लगाए हैं। रिपोर्ट के मुताबिक इंटरनेट बेस्ड विश्वकोष ने कहा कि एक दशक से भी अधिक वक्त से “सॉक पपेट्स” ने इन्डस्ट्रीयलिस्ट गौतम अडानी और उन्हके परिवार और कंपनी से जुड़ी अतिशयोककती भरी और झूठी बातें लिखते हैं।

दरअसल, 20 फरवरी को एक रिपोर्ट जारी करते हुए विकिपिडिया ने हिंडनबर्ग द्वारा अडानी ग्रुप पर लगाए गए ठगी के आरोप की चर्चा की। और कहा कि, “क्या उन्होनें और उनके कर्मचारियों ने विकिपिडिया के आर्टिकल से जुड़ी भेदभावपूर्ण पीआर वर्ज़न के माध्यम से विकिपीडिया के रीडर्स को धोखा देने की कोशिश की?” जिसके आगे कहा कि ” उन्होनें ऐसा ही किया है।”

रिपोर्ट के मुताबिक 40 से अधिक ऐसे सॉक पपेट्स ने Adani Group और उनके परिवार पर 9 आर्टिकल लिखे या उन्हें संशोधित किए। जिनमें कई आर्टिकल्स को पब्लिश भी किया गया। इनमें गैर-तटस्थ समाग्री को भी जोड़ा गया। हालांकि बाद में इन Sock Puppets यानि भुगतान पाने वाले संपादकों को विकिपिडिया ने ब्लॉक कर दिया है।

बता दें कि गौतम अडानी को एक महीने में कम से कम 70 अरब डॉलर का नुकसान हुआ है। जहां वो कुछ महीने पहले भारत के सबसे आमिर आदमी बन चुके थे, उनकी पोजीशन टॉप 25 में भी नहीं रही। अडानी दुनिया के तीसरे सबसे आमिर आदमी बनने का खिताब भी अपने नाम कर चुके हैं।


About Author
Manisha Kumari Pandey

Manisha Kumari Pandey

पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।"

Other Latest News