महिला सुरक्षा के लिए MP की नवीन पहल, इस परियोजना को शुरू करने की तैयारी

MP: परियोजना की टैगलाइन "दिल खोल के घूमो, हिंदुस्तान के दिल में, आप सुरक्षित है। 

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश सरकार (MP Government) महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सतर्क है। इसके साथ ही महिलाओं (women) को एक सुरक्षित वातावरण देने की नवीन तैयारी अब पर्यटन विभाग (tourism department) ने की है। दरअसल पर्यटन बोर्ड ने राज्य में 50 पर्यटन स्थलों को महिलाओं के लिए सुरक्षित बनाने के लिए एक परियोजना शुरू करने का फैसला किया है। परियोजना की टैगलाइन “दिल खोल के घूमो, हिंदुस्तान के दिल में, आप सुरक्षित है।

परियोजना पर विभिन्न हितधारकों से इनपुट प्राप्त करने के लिए गुरुवार को मिंटो हॉल में एक कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन पर्यटन मंत्री उषा ठाकुर ने किया। वहीँ ठाकुर ने कहा कि पर्यटन स्थलों को महिलाओं के लिए सुरक्षित बनाना न केवल प्रशासनिक बल्कि सरकार की नैतिक जिम्मेदारी भी है। उन्होंने परियोजना की टैगलाइन की सराहना की, “दिल खोल के घुमाओ, हिंदुस्तान के दिल में, आप सुरक्षित है। राज्य में 50 पर्यटन स्थल, जो इनमें शामिल है चंबल, पचमढ़ी, शहडोल, खजुराहो, चंदेरी, दतिया, सांची, उज्जैन और बुरहानपुर हैं। इस परियोजना के तहत इन जगहों पर काम करने वाली करीब 40,000 महिलाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण दिया जाएगा।

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मंत्री ने कहा कि पर्यटन को महिलाओं के लिए सुरक्षित कैसे बनाया जाए, इस पर शोध की जरूरत है. “यह परियोजना हमें उस दिशा में मूल्यवान इनपुट प्रदान करेगी। उन्होंने कहा कि इस परियोजना से पुलिस बल को संवेदनशील बनाने में मदद मिलेगी। पुलिस महिलाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण देने में भी मदद करेगी।

परियोजना के कार्यान्वयन के लिए पर्यटन बोर्ड, पुलिस विभाग और संयुक्त राष्ट्र महिला के बीच एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। प्रमुख सचिव पर्यटन और पर्यटन बोर्ड के एमडी शिव शेखर शुक्ला ने कहा कि बोर्ड द्वारा राज्य पुलिस और संयुक्त राष्ट्र महिला भारत के सहयोग से परियोजना का शुभारंभ किया जाएगा।

उन्होंने इस परियोजना को “महत्वाकांक्षी, सामयिक और सामाजिक रूप से उपयोगी” बताया। बता दें कि बोर्ड की योजना लगभग 10,000 महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण प्रदान करने की है ताकि वे आतिथ्य क्षेत्र में टूर ऑपरेटर, फ्रंट ऑफिस स्टाफ, टैक्सी ड्राइवर आदि के रूप में काम कर सकें।