Scholarship : छात्रों को बड़ी राहत, अब 28 तक कर सकते है छात्रवृत्ति के लिये अप्लाई

आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 28 फरवरी, 2021 की गई है। पूर्व में आवेदन जमा करने की तिथि 31 जनवरी 2021 थी।इसमें प्रशिक्षण की अवधि चार वर्ष रहेगी।

Scholarship

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के संगीत प्रेमियों (Music Lover) के लिए खुशखबरी है। गुरु-शिष्य परम्परा के अंतर्गत छात्रवृत्ति (Scholarship) के लिये आवेदन की तिथि आगे बढ़ा दी गई है। अब ध्रुपद केन्द्र में प्रशिक्षण (Training) प्राप्त करने के लिये आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 28 फरवरी, 2021 की गई है। पूर्व में आवेदन जमा करने की तिथि 31 जनवरी 2021 थी।इसमें प्रशिक्षण की अवधि चार वर्ष रहेगी।

यह भी पढ़े… MP School : फीस के लिए दबाव बनाया तो निजी स्कूलों पर होगी कार्रवाई, विभाग ने दिए यह निर्देश

दरअसल, मध्यप्रदेश संस्कृति परिषद (Madhya Pradesh Culture Council) के अंतर्गत संचालित उस्ताद अलाउद्दीन खाँ संगीत एवं कला अकादमी (Ustad Alauddin Khan Academy of Music and Arts) द्वारा गुरू-शिष्य परम्परा के तहत ध्रुपद गायन का प्रशिक्षण अकादमी के ध्रुपद केन्द्र में दिया जा रहा है। अकादमी ने प्रशिक्षण के लिये प्रतिभागियों से 28 फरवरी 2021 तक आवेदन आमंत्रित किये हैं। वही Scholarship भी दी जाएगी।

खास बात ये है कि प्रशिक्षण की अवधि 4 वर्ष रहेगी। चयनित प्रतिभागी(Selected Participants) को प्रशिक्षण के दौरान प्रतिमाह 3 हजार रूपये बतौर छात्रवृत्ति (Scholarship) दी जायेगी। आवेदक की उम्र 16 से 25 वर्ष होनी चाहिए।  अधिक जानकारी अकादमी की वेबसाइट www.kalaacademymp.com या https://www.facebook.com/kalamitrabpl/ एवं अन्य माध्यम से डाउनलोड की जा सकती है। आवेदन पत्र की फोटो प्रतियाँ भी स्वीकार की जायेंगी।

यह भी पढ़े… VIDEO : अस्पताल की अचानक लिफ्ट गिरी, बाल बाल बचे कमलनाथ और कांग्रेस विधायक

बता दे कि उस्ताद अलाउद्दीन ख़ाँ संगीत अकादमी भोपाल (Bhopal), मध्य प्रदेश में स्थित है। इस अकादमी की स्थापना सन 1979 में की गई थी। इसका उद्देश्य उस्ताद अलाउददीन ख़ाँ के अवदान और परम्परा का अध्ययन, विस्तार और परिरक्षण के साथ-साथ हिन्दुस्तानी संगीत और शास्त्रीय नृत्य के उच्च स्तरीय प्रशिक्षण, दुर्लभ संगीत शैलियों के पुनराविष्कार करना है।अकादमी के अंतर्गत शास्त्रीय संगीत, दुर्लभ ध्रुपद गायन शैली के संदर्भ में ध्रुपद केन्द्र और रायगढ़ घराना की कथक शैली के संदर्भ में चक्रधर नृत्य केन्द्र भी अध्ययन और अनुशीलन के सक्रिय मंच के रूप में कार्यरत हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here