धारा 370 पर कांग्रेस दो फाड़, अब इस दिग्गज नेता ने भी किया समर्थन

2656
digvijay-singhs-congress-mla-brother-laxman-singh-congratulated-the-modi-government-article-370

भोपाल।

जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने और राज्य के पुनर्गठन को लेकर कांग्रेस पार्टी में दरार बढ़ती जा रही है। पार्टी नेतृत्व जहां सरकार के फैसले का विरोध कर रहा है, वही कई बड़े नेता फैसले को सही ठहरा रहे है और मोदी सरकार का खुलकर समर्थन कर रहे है। अब मध्य प्रदेश के चाचौड़ा से कांग्रेस विधायक और वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह के छोटे भाई लक्ष्मण सिंह ने केंद्र सरकार को बधाई देते हुए धारा 370 हटाने को उचित बताया है।इससे पहले कांग्रेस नेता सिंधिया मिलिंद देवड़ा, दीपेंद्र हुड्डा और पूर्व महासचिव जर्नादन द्विवेदी पहले ही इस बिल का समर्थन कर चुके हैं।

विधायक लक्ष्मण सिंह ने कहा- भारत के पूर्व प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने कश्मीर के वर्तमान हालातों की कल्पना भी नहीं की होगी, तभी उन्होंने अनुच्छेद 370 लगाया था। लेकिन, जो हालात आज कश्मीर में बने हैं उसे देखते हुए मोदी सरकार ने ऐतिहासिक कदम उठाया है।लक्ष्मण सिंह ने मोदी सरकार की तारीफ करते हुए कहा कि आतंकवाद हमेशा से ही कश्मीर की सभ्यता के खिलाफ रहा है. अलगाववादी नेताओं ने यदि मजबूर नहीं किया होता तो शायद धारा 370 लागू रहती। लद्दाख को कश्मीर से अलग करना भी अच्छी कार्रवाई रही। केंद्र सरकार ने वर्तमान परिस्थितियों के हिसाब से बिलकुल उचित कदम उठाया है।

मालूम हो कि अनुच्छेद 370 हटाये जाने का कांग्रेस नेतृत्व ने विरोध किया है। पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने बिल का विरोध करते हुए कहा कि जम्मू-कश्मीर को एकतरफा फैसले के चलते टुकड़ों में बांटा गया है, यह संविधान का उल्लंघन है।इस बीच पार्टी में ऐसे नेताओं की सूची लंबी होती जा रही है, जो सरकार के फैसले का समर्थन कर रहे हैं।

सिंधिया भी कर चुके है समर्थन

इसके पहले मंगलवार को पूर्व केंद्रीय मंत्री और कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव ज्योतिरादित्य सिंधिया ने केंद्र सरकार द्वारा जम्मू कश्मीर में अनुच्छेद 370 को हटाने और जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को अलग करने वाले पुनर्गठन विधेयक का समर्थन किया। ज्योतिरादित्य ने मंगलवार को ट्वीट किया कि, “मैं जम्मू कश्मीर और लद्दाख पर उठाए गए कदम और भारत के संघ में इसके पूर्ण एकीकरण का समर्थन करता हूं। बेहतर होता अगर संवैधानिक प्रक्रिया का पालन किया जाता। तब कोई सवाल नहीं उठाया जा सकता था। फिर भी, यह हमारे देश के हित में है। मैं इसका समर्थन करता हूं।” 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here