विधायक गुमशुदगी मामले में शिवराज और शर्मा का पुतला दहन

अनुपपुर//मो अनीस तिगाला। प्रदेश की राजनीति में कल आये भूचाल के बाद आज सेवादल यंग ब्रिगेड, मध्यप्रदेश के प्रदेशाध्यक्ष धर्मेंद्र भदोरिया जी के निर्देश पर तथा जिला अध्यक्ष जितेंद्र सोनी जी के नेतृत्व में पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बी.डी शर्मा एवं पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा का पुतला दहन किया गया। मध्यप्रदेश में कांग्रेस सरकार गिराने की मंशा से विधायकों के खरीद फरोख्त, अभद्रता, किडनैपिंग तथा स्थानीय विधायक बिसाहू लाल सिंह जी की गुमशुदगी के विरोध में पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बी.डी शर्मा एवं पूर्व मंत्री नरोत्तम मिश्रा का पुरजोर विरोधकर गुरुवार को इंदिरा तिराहा अनूपपुर में पुतला दहन किया गया।

सेवादल यंग ब्रिगेड के जिला अध्यक्ष जितेंद्र सोनी ने बताया कि जिस प्रकार से भाजपा का केंद्रीय नेतृत्व और प्रदेश नेतृत्व मध्य प्रदेश में सत्ता पाने के लिए गुंडागर्दी और विधायकों के साथ अभद्रता कर जबरन अपने पक्ष में करने की कोशिश कर रहा है, यह काफी निंदनीय है। जबसे मध्य प्रदेश में कमलनाथ की सरकार बनी है तब से माफियाओं पर कार्रवाई हो रही है जिससे भाजपा परेशान हैं। मध्य प्रदेश के 15 साल में भाजपा के लोगों के द्वारा कई प्रकार के घोटाले किए गए हैं, जिसकी प्रदेश सरकार जांच करा रही है तभी भाजपाई इससे डरे हुए हैं और आनन-फानन में सरकार को अस्थिर करने के काम में उतर आए हैं। प्रदेश के सभी कांग्रेस विधायकों को जबरन बंधक बनाया जा रहा तथा स्थानीय विधायक बिसाहू लाल सिंह जी को भी जबरन बलपूर्वक अन्यत्र जगह रखा गया है। जिसकी जिले के सभी कांग्रेसजन घोर निंदा करते हैं ।

ऐसे लापता हुए बिसाहूलाल

बिसाहूलाल सिंह अपने विधानसभा क्षेत्र के निर्धारित कार्यकमों में 29 फरवरी एवं 1 मार्च के दौरा कार्यक्रम में भाग लेने वाले थे जिसमें वो केवल 29 फरवरी का दौरा ही पूरा कर पाए। उसके बाद जैसे कोई संदेश आया और उनको अपने प्रस्तावित कार्यक्रम को छोड़कर, अपने निजी वाहन से छत्तीसगढ़ की ओर रवाना होना पड़ गया जिसकी भनक किसी को न लगी। लेकिन 1 मार्च को अचानक यह हवा आई की विधायक बिसाहूलाल सिंह किसी आवश्यक कार्य से छत्तीसगढ़ गए हुए हैं। विधायक छत्तीसगढ़ में कहां है, इसकी जानकारी किसी को नहीं मिली। बाद में पता चला कि छत्तीसगढ़ से विधायक, भोपाल की ओर रवाना हो गए लेकिन वह भोपाल भी नहीं पहुंचे और अचानक उनके दिल्ली में होने का सूचना मिली। अंदेशा यही लगाया जा रहा जैसे विधायक बिसाहूलाल सिंह को भ्रमित कर किसी ने उन्हें अपने कब्जे में कर लिया हो और सीधे दिल्ली ले गए। उनका मोबाइल भी स्विच ऑफ हो गया जिससे उनसे संपर्क ना हो पाए।

इस सब घटनाक्रम के बाद कांग्रेसियों में भय का माहौल है। लोग अपने नेता को सकुशल पाना चाहते हैं। लेकिन देर रात तक उनकी जानकारी किसी को नहीं मिल पाई। उनका मोबाइल भी नहीं लग रहा है।उनके साथ उनका कोई निजी सचिव भी नहीं है। जिससे जानकारी हासिल हो पाए।

जिला कांग्रेस अध्यक्ष जयप्रकाश अग्रवाल से जब बातचीत की गई तो उन्होंने कहा कि उनको भी छत्तीसगढ़ जाने की जानकारी मिली है। वह किस कार्य से गए हैं इसकी जानकारी उन्हें नहीं है और उन्होंने कहा कि 1 मार्च के बाद उनका भी उनसे संपर्क नहीं हो पाया है।

नहीं थामेंगे अन्य पार्टी का हाथ

वही उनके पुत्र पूर्व जिला युवक कांग्रेस अध्यक्ष चंद्रभान सिंह का स्पष्ट कहना है की उनके पिताजी विधायक बिसाहूलाल सिंह परिवारिक कार्य से रायपुर गए थे और वह कभी भी भाजपा का दामन नहीं थाम सकते। कांग्रेस पार्टी ने उनके परिवार को बहुत कुछ दिया है और उनके पिता ने पूरा जीवन कांग्रेस पार्टी में समर्पित किया है। ऐसी स्थिति में किसी दूसरे दल में जाने का कोई सवाल नहीं उठता है। लेकिन विधायक बिसाहूलाल सिंह का फाइव स्टार होटल दिल्ली में होने की पुष्टि के बाद तरह-तरह की चर्चाएं खुलकर सामने आने लगी है।

हमेशा हुए उपेक्षित

लोगों का कहना है की मध्यप्रदेश में जब से कांग्रेस की सरकार आई है तबसे लगातार वरिष्ठ विधायक होने के बाद भी उनको उपेक्षित किया गया है। मंत्री पद नहीं मिलने पर उनका दुख छलक कर सामने भी आ चुका है बावजूद उसके उन्हें उनकी वरिष्ठता का लाभ नहीं दिया गया। राजनैतिक घटनाक्रम में अचानक किसने साजिश रची यह विधायक बिसाहूलाल सिंह ही सामने आने के बाद स्पष्ट कर पाएंगे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here