थाना है कैसा! जनता बोले वैसा, भोपाल और इंदौर के लिए नरोत्तम मिश्रा की बड़ी घोषणा

Narottam Mishra big announcement : मध्य प्रदेश के गृह मंत्री डॉक्टर नरोत्तम मिश्रा ने बड़ी घोषणा की है। उन्होंने कहा है कि इंदौर और भोपाल में अब थानों की उत्कृष्टता जनता के मूल्यांकन पर मापी जाएगी। जनता थाने को जो नंबर देगी उसी के आधार पर थाना रैंक पाएगा। नरोत्तम मिश्रा इंदौर और भोपाल में कमिश्नर प्रणाली लागू होने के 1 साल पूरा होने के बाद पत्रकारों से चर्चा कर रही थे।

भोपाल और इंदौर में कमिश्नर प्रणाली लागू हुए 1 वर्ष हो गया है। आज इस अवसर पर मध्य प्रदेश के गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा ने पुलिसकर्मियों से मुलाकात, उन्हें फूल भेंट किए और उन्हें मिठाई खिलाई। नरोत्तम ने इस अवसर पर अच्छा काम करने पर पुलिस की पीठ भी थपथपाई और आंकड़ों सहित बताया है कि मध्य प्रदेश के भोपाल और इंदौर में पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू होने के बाद किस तरह का परिवर्तन आया है। इसके बाद उन्होंने पुलिस महानिदेशक सुधीर सक्सेना के साथ भोपाल के कमिश्नर कार्यालय में बैठक ली और अधिकारियों से चर्चा की।

चर्चा के बाद नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि अब यह निर्णय लिया गया है कि भोपाल और इंदौर के हर थाने में एक रजिस्टर रखा जाएगा, जहां आने वाला व्यक्ति उस थाने में उसके साथ कैसा व्यवहार हुआ..उसकी रिपोर्ट किस तरह से लिखी गई..किसी तरह की परेशानी तो नहीं हुई, इसके आधार पर थाने को मूल्यांकन करते हुए नंबर देगा। इसी के आधार पर मासिक सर्वेक्षण किया जाएगा और थाने की रैंक तय की जाएगी। नरोत्तम ने यह भी कहा कि जनता का जनता के द्वारा जनता के लिए शासन की दिशा में यह भी एक महत्वपूर्ण कदम है और पुलिस का तो मूल उद्देश्य देशभक्ति और जन सेवा है जो इस प्रकार के नवाचारों से और जल्दी पूर्ण होगा। उन्होने यह भी बताया कि पुलिस कमिश्नर प्रणाली लागू होने के बाद भोपाल में प्रति एक लाख पर 20% और इंदौर में प्रति एक लाख पर 25% अपराधों में कमी आई है।