कांग्रेस में इस्तीफों की झड़ी, दीपक बावरिया समेत इन नेताओं ने दिया इस्तीफा

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भोपाल/नई दिल्ली| कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गाँधी के इस्तीफे को लेकर दिए बयान के बाद कांग्रेस में इस्तीफ़ा का दौर शुरू हो गया है| शुक्रवार को कई प्रदेशों के अध्यक्षों समेत 120 पदाधिकारियों ने इस्तीफा दिया है| अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव और मध्य प्रदेश के प्रभारी दीपक बावरिया ने इस्तीफा दे दिया है। इससे पहले राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा ने भी सभी पदों से इस्तीफा दे दिया है। आगे और भी इस्तीफों की झड़ी लग सकती है| 

लोकसभा चुनाव में मिली करारी हार के बाद राहुल गांधी पार्टी अध्यक्ष का पद छोड़ने पर अड़े हुए हैं| हार पर हाल ही में राहुल गाँधी ने दुख जताते हुए कहा था कि उनके इस्तीफे के बाद किसी मुख्यमंत्री, महासचिव या प्रदेश अध्यक्षों ने हार की जिम्मेदारी लेकर इस्तीफा नहीं दिया| इसके बाद से ही कांग्रेस में इस्तीफों की झड़ी लग गई है| इसकी शुरुआत मध्यप्रदेश से राज्यसभा सांसद और पार्टी के वरिष्ठ नेता विवेक तन्खा ने की | उन्होंने संगठन से जुड़े सभी पदों से इस्तीफा दे दिया है। तन्खा ने इस बारे में ट्वीट करते हुए जानकारी दी। साथ ही उन्होंने पार्टी प्रमुख राहुल गांधी से संगठन में आमूलचूल परिवर्तन लाने की भी अपील की। इसके बाद अब मध्य प्रदेश के प्रभारी दीपक बावरिया ने भी इस्तीफा दे दिया है| 

इस्तीफा देने में बड़े नेताओं में दिल्ली कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष राजेश लिलोठिया भी शामिल हैं| इसके अलावा हरियाणा प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष सुमित्रा चौहान ने भी अपना इस्तीफा दे दिया है| इससे पहले मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ ने भी इस्तीफे की पेशकश कर चुके हैं|  पार्टी पदाधिकारियों ने भी राहुल गांधी को इस्तीफा भेज दिया है| एक पत्र पर हस्ताक्षर कर पार्टी नेताओं ने इस्तीफा दिया है| इस पत्र पर अभी तक कांग्रेस के 120 पदाधिकारी हस्ताक्षर हैं| इसमें AICC सचिव, यूथ कांग्रेस, महिला कांग्रेस पदाधिकारी शामिल हैं|  


बावरिया का इस्तीफा 

दीपक बावरिया को 2017 में मध्यप्रदेश का प्रभारी बनाया गया था। इस दौरान मध्य प्रदेश में 15 साल बाद सत्ता कांग्रेस की वापसी हुई, इसे यह बड़ी उपलब्धि मानते हैं, लेकिन लोकसभा चुनाव में कांग्रेस का देश भर में निराशाजनक प्रदर्शन रहा| दीपक बावरिया ने कहा है कि हमें हार की सामूहिक जिम्मेदारी लेनी चाहिए, सिर्फ राहुल गांधी ही क्यों इस्तीफा देंगे। बावरिया राहुल गांधी के काफी करीबी माने जाते हैं।