विश्वास मत पर बोले शिवराज -BSP-SP के साथ निर्दलियों का भी मिला समर्थन

भोपाल।

सोमवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद मंगलवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विधानसभा में विश्वास मत साबित किया। विधानसभा सदन में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने विशेष सत्र से पहले और सदन की कार्यवाही शुरू होने के बाद बहुमत के प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। सभा के सभापति जगदीश देवड़ा द्वारा विश्वास मत को पारित करने की आज्ञा के बाद मतदान की प्रक्रिया पूरी की गई।

जिसके बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने अपने संबोधन में कहा कि राज्यपाल ने 15 दिन के भीतर वर्तमान सरकार को बहुमत साबित करने का आदेश दिया था। किंतु कोरोना वायरस को ध्यान में रखते हुए और इसके संक्रमण से निपटने के लिए मौजूदा सरकार ने विधिवत विश्वास मत हासिल किया है। सीएम चौहान ने कहा कि इस वायरस के संक्रमण को देखते हुए प्रदेश की जनता के लिए कुछ संवैधानिक निर्णय भी लेने की आवश्यकता थी जिसके कारण विश्वास मत प्राप्त करना जरूरी था। उन्होंने सपा बसपा और निर्दलीय विधायक का आभार व्यक्त करते हुए का कि वह हृदय से आभारी हैं की फ्लोर टेस्ट में उन्हें इन दलों का भी समर्थन प्राप्त हुआ।

दरअसल मंगलवार को नए सरकार के विश्वास मत के प्रक्रिया के दौरान विपक्षी दल कांग्रेस का एक भी सदस्य मौजूद नहीं होने के कारण सर्वसम्मति से ध्वनिमत होकर फ्लोर टेस्ट पास किया। भाजपा विधायक डॉक्टर नरोत्तम मिश्रा ने बताया कि सपा बसपा और निर्दलीय विधायकों ने भी भाजपा सरकार के विश्वास मत के पक्ष में मतदान किया है। वही विश्वास मत की प्रक्रिया पूरी हो जाने के बाद सदन की कार्यवाही को सभापति देवड़ा द्वारा 27 मार्च सुबह 11:00 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया गया।