मध्य प्रदेश में शराबी चालकों पर बड़ी कार्रवाई, 1800 के लाइसेंस निरस्त

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भोपाल। मध्य प्रदेश में सड़क दुर्घटना को रोकने के लिए ट्रैफिक पुलिस द्वारा सख्त कदम उठाए गए हैं। परिवहन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश भर में शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर कार्रवाई की गई। इसमें 1800 चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस निरस्त किए गए हैं। सड़क हादसों पर लगाम लगाने के लिए यह कार्रवाई की गई है। 

दरअसल, प्रदेश में शराब पीकर गाड़ी चलाने वालोंं के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का अभियान शुरू किया गया है। मुख्यमंत्री कमलनाथ ने प्रदेश की कमान संभालने के साथ ही पुलिस विभाग को सख्ती से निर्देश दिए थे कि सड़क हादसों पर रोक लगाने के लिए सख्ती से नियमों का पालन करवाया जाए। और जो नियम तोड़ उसका लाइसेंस रद्द करने की कार्रवाई की जाए। पुलिस विभग ने निर्देशों पर अमल करते हुए शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों के लाइसेंस निरस्त कर दिए। इसके अलावा अन्य नियमोंं तोड़ने वालों से भारी जुर्माना भी वसूला जा रहा है। 

सड़क दुर्घटना के आंकड़ों पर नज़र डालें तो पता चलता है कि प्रदेश में औसतन प्रति दिन 28 लोग सड़क हादसों में अपनी जान गंवा देते हैं। इसके अलावा 158 लोग घायल हो जाते हैं। राजधानी का रिकॉर्ड भी बहुत अच्छा नहीं है। यहां पिछले दो महीने में 18 वाहन चालकों के लाइसेंस निरस्त कर दिए गए हैं। यह कार्रवाई ऐसे चालकों पर की गई है जो शराब पीकर गाड़ी चलाते मिले। पुलिस ने ऐसे चालकों का मेडिकल करवाया जिसमें पुष्टि होने के बाद उनका लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की गई। राज्य सड़क सुरक्षा सेल की ताजा रिपोर्ट बताती है कि 2016 की तुलना में 2017 में सड़क दुर्घटनाओं में 5.50 प्रतिशत ज़्यादा लोग मरे. प्रदेश में 2017 में 53,399 सड़क दुर्घटनाएं हुईं. उनमें 57,532 व्यक्ति घायल और 10,177 लोग मारे गए.