MP उपचुनाव : हाथी बिगाड़ेगा भाजपा-कांग्रेस का गणित, इन सीटों पर त्रिकोणीय मुकाबला

ग्वालियर चंबल की 16 सीटें अहम हैं, वहां बसपा का प्रभाव है। बसपा ने आठ प्रत्याशी पहले घोषित किए थे जबकि कल 10 प्रत्याशी घोषित किए हैं।

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) की 28 सीटों पर होने वाले विधानसभा उपचुनाव (Assembly By-election) के लिए भाजपा कांग्रेस तैयारी में लगी हुई है। वहीं बसपा के चुनावी मैदान में आने से विधानसभा के उपचुनाव का मुकाबला अब त्रिकोणीय (Triangular Concord) हो गया है। बसपा (BSP) ने सभी सीटों पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है। जिसमें ग्वालियर चंबल संभाग (Gwalior Chambal Division) की 16 सीटें अहम हैं, वहां बसपा का प्रभाव है। बसपा ने आठ प्रत्याशी पहले घोषित किए थे जबकि कल 10 प्रत्याशी घोषित किए हैं।

इन सीटों पर होगा त्रिकोणीय मुकाबला
मध्य प्रदेश के 28 विधानसभा सीट में 5 सीट ऐसी है जहां बसपा का सीधा प्रभाव है। कहा जाता है कि यहां बड़े पैमाने में बसपा का वोट बैंक (Vote Bank) है। भांडेर (Bhader) में विधानसभा सीट से भाजपा की संभावित उम्मीदवार रक्षा सिरोलिया (Raksha Siroliya) हैं। कांग्रेस ने यहां से फूल सिंह बरैया (Phool Singh Baraiya) को चुनावी मैदान में उतारा है। जबकि हाल ही की कांग्रेस छोड़ने वाली महेंद्र बौद्ध (Mahendr Bauddh) बसपा प्रत्याशी होंगी। मुरैना जिले (Muraina District) में बसपा का वर्चस्व है, यहां भाजपा और कांग्रेस के लिए बसपा बड़ी चुनौती है। अंबाह (Ambar), गोहद (Bihar) और दिमनी (Dimani) विधानसभा सीट में भी बसपा का अच्छा खासा प्रभाव है। ऐसे में इन सीटों में भी त्रिकोणीय मुकाबले के आसार हैं।

ग्वालियर-चंबल अंचल में बसपा का वोट बैंक है। क्षेत्र में अपनी ताकत को आंकने के लिए पार्टी दो बार सर्वे भी करवा चुकी है। बसपा की भूमिका मध्यप्रदेश में कांग्रेस की वोट में सेंध लगाने वाली हो सकती है। बसपा ने जिन सीटों पर उम्मीदवारों का ऐलान किया है वहां 2018 के विधानसभा चुनाव में बसपा उन क्षेत्रों में दूसरे स्थान पर थी। वहीं अब कांग्रेस के साथ ज्योतिरादित्य सिंधिया (Jyotiraditya Scindia) भी नहीं है, ऐसे में बसपा के चुनाव लड़ने से किसको फायदे होंगे या तो आने वाला समय ही बताएगा।