प्रदेश के बेरोजगार युवाओं को मिलेगी नौकरी, सीएम शिवराज ने दिए ये बड़े निर्देश

ऊर्जा विभाग को बेस्ट प्रैक्टिसेज का अध्ययन कर लागू करने के भी निर्देश दिए गए हैं।

भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश (MP) के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (CM Shivraj) ने ऊर्जा क्षेत्र में मध्यप्रदेश को ज्यादा सक्षम बनाने के निर्देश दिए गए हैं। प्रदेश में ऊर्जा उत्पादन (Energy production) में वृद्धि हुई है। इसके साथ ही ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर के कार्य पूरे होने पर भी सीएम शिवराज ने बधाई दी है। उन्होंने कहा कि ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर निर्माण में 12 उपकेंद्र पर कार्य समय पर पूरा करने और 46 में से 44 केंद्र पर काम पूरे होने पर सभी को बधाई दी है। वहीँ 2022 तक 2 लाइनों का कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

इसके साथ ही साथ सीएम शिवराज ने प्रदेश के बेरोजगार युवाओं को ITI प्रशिक्षण देने और आउटसोर्स (outsource) के आधार पर विद्युत लाइनों के मेंटेनेंस का अक्सर ग्रामीण युवाओं को देने पर भी जोर दिया। उन्होंने निर्देश दिया कि ग्रामीण क्षेत्र के ऐसे युवा जो आईटीआई प्रशिक्षित नहीं है और रोजगार के इच्छुक हैं। उन्हें विभिन्न तत्वों से जोड़ा जाए। उन्हें आईटीआई का प्रशिक्षण दिया जाए। इसके साथ ही साथ विद्युत लाइनों के मेंटेनेंस का अवसर ग्रामीण युवाओं को प्रदान किया जाए। जिससे नवाचार से अच्छे परिणाम लाने में हम सक्षम हो सके।

सीएम शिवराज ने कहा कि उपभोक्ता को निर्बाध रूप से विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के अलावा बड़े बकायेदारों से बिल की वसूली करने, ट्रांसफर तत्काल सुधारने सहित उपभोक्ता की संतुष्टि स्तर बढ़ाने पर जोर दें। साथ ही ऊर्जा विभाग को बेस्ट प्रैक्टिसेज का अध्ययन कर लागू करने के भी निर्देश दिए गए हैं।

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वहीं विद्युत विभाग की समीक्षा बैठक करते हुए सीएम शिवराज ने कहा कि आज निर्णय मध्यप्रदेश के रोडमैप के क्रियान्वयन टीवसीबी के माध्यम से 35 सब स्टेशन और ट्रांसमिशन सिस्टम के निर्माण की प्रक्रिया का कार्य पूरा हो रहा है। इस कार्य में 2000 करोड़ के अनुमानित निवेश आंके गए हैं। वही इस कार्य प्रणाली से विद्युत प्रदाय में गुणवत्तापूर्ण व्यवस्था सुनिश्चित होगी। इस कार्य को करने के लिए मार्च 2023 तक का लक्ष्य रखा गया है।

इसके साथ ही समीक्षा बैठक के दौरान सीएम शिवराज ने कहा कि भारत शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन में मध्य प्रदेश के ऊर्जा विभाग ने अच्छी बढ़त हासिल किए। दीनदयाल उपाध्याय ग्राम ज्योति योजना में मध्यप्रदेश के लिए स्वीकृत 136 योजना का कार्य पूरा कर लिया गया है। साथ ही आईपीडीएस में स्वीकृत 43 योजनाएं भी पूरी कर ली गई है।

ऊर्जा विभाग की समीक्षा बैठक के दौरान सीएम शिवराज ने कहा कि ट्रांसफर में मीटर और सामग्री के परीक्षण के लिए भोपाल, जबलपुर और इंदौर में प्रयोगशाला स्थापित की जा चुकी है जबकि द्वितीय चरण में ग्वालियर, सतना, छिंदवाड़ा और उज्जैन में प्रयोगशाला स्थापित करने की कार्रवाई शुरू की गई है। जल्द ही इस पर काम पूरा किया जाएगा। इसके साथ ही नवीन थर्मल पावर यूनिट की स्थापना के लिए पहल की गई है।

प्रदेश में ऊर्जा विभाग की कार्य प्रणाली को दुरुस्त करने के निर्देश देते हुए सीएम शिवराज ने कहा कि कृषि उपभोक्ताओं को विद्युत आपूर्ति के शेड्यूल में फेरबदल की स्थिति से सूचित करवाएं। इसके अलावा स्मार्ट मीटर स्थापित करने सामग्री क्रय में स्थानीय निर्माण को प्राथमिकता देने के साथ ही ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर निर्माण पारेषण प्रणाली के सुदृढ़ीकरण पर ध्यान दिया जाना अनिवार्य है। जीआईएस आधारित फील्ड सर्वे और प्रोजेक्ट प्लैनिंग भी जरूरी है। इसके अलावा जल विद्युत संयंत्र के नवीनीकरण एवं वितरण क्षेत्र सुधार योजना पर भी अमल करने के निर्देश दिए गए हैं।