हद है MPPEB: पेपर आउट, फिर भी डाउट…TET का रिजल्ट कटघरे में!

हैरत की बात यह है कि यह गड़बड़ी पकड़ में आने के बाद भी प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड PEB ने मंगलवार 8 अगस्त को इस परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिया।

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भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। 5 महीने के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (MP professional examination board) यानी PEB ने प्राइमरी टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट TET का परिणाम घोषित कर दिया। लेकिन इसके साथ ही 5 छात्र छात्राओं पर इस परीक्षा में धोखाधड़ी से पास होने का मामला खुद PEB ने थाने में दर्ज कराया है। ऐसे में अब इस पूरी परीक्षा प्रणाली पर ही सवालिया निशान खड़े हो गए हैं।

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मध्य प्रदेश में प्राथमिक शिक्षकों की भर्ती के लिए प्राइमरी स्कूल टीचर एलिजिबिलिटी टेस्ट (MP TET)की परीक्षा 5 महीने मार्च महीने मे पहले ली गई थी। तब इस बात का खुलासा हुआ था कि सागर के ज्ञानवीर इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस कॉलेज और सर्व धर्म महाविद्यालय ग्वालियर में इस परीक्षा का पेपर पहले ही आउट हो गया था।

दरअसल सोशल मीडिया पर पेपर वायरल हुआ था जिसे लेकर बाद में यह कहा गया था कि परीक्षा के बाद में यह पेपर आउट हुआ है।लेकिन मध्य प्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेवलपमेंट कॉरपोरेशन की जांच में पता चला है कि सागर के ज्ञानवीर इंस्टिट्यूट ऑफ़ साइंस कॉलेज और ग्वालियर के सर्व धर्म महाविद्यालय में परीक्षा देने वाले भरत सिंह रावत, भुवनेश शर्मा, नीलम कैमूर, निशा सोलंकी और मनोज कुमार पटेल के कंप्यूटर की स्क्रीन लगातार ब्लिंग थी।

इसके बाद भी परीक्षार्थियों ने शिकायत नहीं की और सारे सवालों के सही उत्तर दिए जो संभव नहीं था। यानि इनके कंप्यूटर का नियंत्रण लेकर बाहर से पेपर हल किया गया। PEB की टीम ने माना है कि अभ्यर्थियों के कंप्यूटर को किसी एप्लीकेशन के जरिए नियंत्रण में लिया गया और परीक्षा केंद्र के बाहर बैठकर पेपर हल किए गए। यह पूरा माजरा परीक्षा हॉल में लगे सीसीटीवी कैमरे में भी कैद हुआ है।

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हैरत की बात यह है कि यह गड़बड़ी पकड़ में आने के बाद भी प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड PEB ने मंगलवार 8 अगस्त को इस परीक्षा का परिणाम घोषित कर दिया। हालांकि 5 अभ्यर्थियों के खिलाफ एमपी नगर थाने में मामला भी दर्ज कराया गया है और सागर के ज्ञानवीर इंस्टिट्यूट ऑफ़ साइंस कॉलेज और ग्वालियर के सर्व धर्म महाविद्यालय को हमेशा के लिये ब्लैक लिस्टेड कर दिया गया है। लेकिन सवाल यही है कि जब पेपर आउट हो चुका था तब परीक्षा परिणाम के मायने क्या है और क्या इससे योग्य परीक्षार्थियों के साथ अन्याय नहीं कहा जाएगा।