भोपाल, डेस्क रिपोर्ट
मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में लम्बे इन्तजार के बाद हो रही बारिश (Rain) ने सभी अंचलों को भिगो दिया है| लगातार हो रही बारिश के चलते नदी-नाले उफान पर हैं, वहीं डेम भी लबालब होने लगे| भोपाल, इंदौर, होशंगाबाद, सागर संभाग में भारी बरसात हुई। इससे कई स्थानों पर बाढ़ के हालात बन गए। इंदौर में 39 साल का रिकॉर्ड टूट गया और 36 घंटे में एक फीट से ज्यादा बारिश दर्ज हुई। वहीं भोपाल में 14 साल में दूसरी बार एक दिन में सर्वाधिक 23 सेंटीमीटर (नौ इंच इंच) बरसात हुई। नर्मदा, शिप्रा, पारवती समेत अन्य नदियां उफान पर हैं|

नर्मदा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नर्मदा नदी पर बने ओंकारेश्वर बांध के 10 गेट खोल िदए गए हैं। बांध के पानी काे लेवल में रखने के लिए 4 हजार क्यूमेक्स पानी छोड़ा जा रहा है। वहीं, नर्मदा किनारे के सभी घाटाें पर अलर्ट जारी कर दिया गया। तवा और बरगी बांध के गेट भी खाेल दिए गए हैं। जिसके चलते कई आसपास के जिलों में नदिया उफान पर है|

ओंकारेश्वर बांध के 10 गेट खोले, पशुपतिनाथ के गर्भगृह में पहुंचा पानी
इधर, नर्मदा का पानी नाले पर बनी रपट पर आने से नेमावर के पश्चिम किनारे बसे गांव निमनपुर, नवाड़ा, बजवाड़ा, सुरजना, दावठा, मंडलेश्वर, धरमपुरी आदि गांवों का नेमावर से संपर्क पूरी तरह से कट गया है। वहीं उज्जैन में भी लगातार बारिश से हालात बिगड़ रहे हैं| शहर में पिछले 24 घंटे में 7 इंच से अधिक बारिश हाे चुकी है। शहर के रामघाट सहित सिद्धवट घाट, केडी पैलेस, गणगौर दरवाजा, एकता नगर, शांति नगर सहित कई इलाके बारिश के पानी में डूबे हुए हैं। शिप्रा नदी का रौद्र रूप रविवार को भी बना हुआ है। शिप्रा नदी के ऊपर बने बड़े पुल पर से करीब 2 फीट ऊपर पानी लगातार बह रहा है। इधर मंदसौर जिले मेें तेज बारिश के बाद पशुपतिनाथ मंदिर के गर्भगृह में पानी पहुंच गया। भारी बारिश की वजह से शिवना नदी में अब उफान आ गया है।

पार्वती उफान पर, राजस्थान से संपर्क टूटा
प्रदेश के मालवा क्षेत्र में भारी बारिश के बाद पार्वती नदी बाढ़ के मुहाने पर आ गई है| श्योपुर में पार्वती नदी में आये उफान के बाद जिले की सीमा पर खतौली के पास स्थित कोटा हाईवे का पुल डूब गया है। पुल पर करीब दस फिट पानी चल रहा है। हाईवे का पुल डूबने के बाद श्योपुर का राजस्थान के अलावा कोटा से संपर्क टूट गया है। हाईवे पर सैकड़ो वाहन बीच में ही फंसे है। जिला प्रशासन ने नदी किनारे के आसपास के गांवों में बाढ़ का खतरा होने के चलते एहतियातन अलर्ट जारी किया है।

भोपाल में कई इलाकों में भरा पानी
राजधानी भोपाल में हुई बारिश से हालात बिगड़ गए हैं। पहली बार एक साथ भदभदा, कोलार, केवरा और कलियासोत डैम के गेट खोलने पड़ गए। बिना किसी पूर्व सूचना बांधों से पानी छोड़े जाने के कारण हजारों लोगों की जान जोखिम में आ गई। सबसे ज्यादा भयावह हालात कोलार के दामखेड़ा में बने। यहां डेम के पानी ने तबाही मचा दी| लोगों का सामान बह गया| लोगों को संभलने का मौक़ा भी नहीं मिला| दामखेड़ा के आसपास की कुछ कॉलोनियों में भी मकानों में पानी भर गया।

इन जिलों में बारिश के आसार (येलो अलर्ट)
शहडोल, उमरिया, बालाघाट, नरसिंहपुर, नीमच, मंदसौर, रतलाम, उज्जैन, झाबुआ, आगर, धार बड़वानी, बैतूल, हरदा जिलों में

गरज चमक के साथ बौछारों के आसार
शहडोल, जबलपुर, उज्जैन, इंदौर, होशंगाबाद और चंबल इलाकों, रीवा, सागर, भोपाल, ग्वालियर संभागों में कही कही।