नकली इंजेक्शन मामला : आरोपी मोखा के मददगारों की सूची बनाएगी SIT, पत्नी और मैनेजर को भेजा जेल

एसआईटी नकली इंजेक्शन मामले के आरोपी सरबजीत सिंह मोखा के मददगारों की सूची बनाएगी। सभी से पूछताछ की जाएगी।

जबलपुर, संदीप कुमार। नकली इंजेक्शन मामले के आरोपी और सिटी अस्पताल (City Hospital Jabalpur) के संचालक सरबजीत सिंह मोखा की मदद करने वाले, पनाहगारों की अब एसआईटी (SIT) सूची बनाएगी। उनसे भी अलग-अलग तरीके से पूछताछ की जाएगी। इधर मोखा की पत्नी और मैनेजर की रिमांड खत्म होने के बाद जेल भेज दिया गया है। एसआईटी टीम का कहना है कि गुजरात पुलिस (Gujarat Police) के आते ही मोखा की पत्नी, मैनेजर और देवेश चौरसिया को फिर रिमांड पर लिया जाएगा। इस मामले में उनसे गुजरात पुलिस पूछताछ करेगी।

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अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी ने बताया कि नकली इंजेक्शन मामले में एसआईटी टीम की जांच जारी है। हर पहलु पर जांच हो रही है, फरार चल रहे मोखा के बड़े बेटे की तालाश को लेकर एसआईटी की टीम शहर से लेकर अन्य जिलों में दबिश दे रही है। फरार बेटे और मोखा को सरंक्षण देने वाले किसी भी व्यक्ति को छोड़ा नहीं जाएगा। हो सकता है कि ऐसे लोगों की सूची तैयार की जाए। फिलहाल इस केस में फरार चल रहे मोखा के बेटे को गिरफ्तार करना है, क्योंकि बेटे के गिरफ्तार होते ही नए खुलासे होंगे।

पत्नी और मैनेजर को रिमांड पूरी होने पर भेजा जेल

मोखा की पत्नी जसमीत व मैनेजर सोनिया खत्री शुक्ला की गिरफ्तारी होने के बाद गुरुवार 20 मई तक रिमांड पर लिया गया था। इस दौरान दोनों के पास से 3 मोबाइल, 2 नकली रेमडेसिवीर इंजेक्शन बरामद किए गये थे। वहीं पूछताछ के बाद नकली इंजेक्शन की खाली शीशियां व अन्य दस्तावेज आदि जब्त किए गये हैं।

सपन और सुनील के लिए प्रोडक्शन वारंट जारी

गुजरात पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गये जबलपुर के दवा सप्लायर सपन जैन व मुख्य आरोपी फैक्ट्री कर्मी रीवा निवासी सुनील मिश्रा को जबलपुर लाने के लिए न्यायालय द्वारा प्रोडक्शन वारंट जारी किया गया है। वारंट जारी होते ही एक टीम को गुजरात रवाना किया है।