भुट्टे का बाल होता है सेहत के लिए वरदान, इन समस्याओं को करता है दूर, जानें इसके फायदे

भुट्टे का बाल होता है सेहत के लिए वरदान, इन समस्याओं को करता है दूर, जानें इसके फायदे

जीवनशैली, डेस्क रिपोर्ट। भुट्टा तो खाने में बहुत टेस्टी होता है। बॉलीवुड की कई फिल्में बिना भुट्टे के अधूरी होती है। बारिश का मौसम हो और हाथ में खाने के लिए भुट्टा, इसका मजा ही कुछ और होता है। लेकिन क्या आपको जितना फायदेमंद भुट्टा होता है, वैसे ही गुण भुट्टे के बाल (Corn Silk) में भी पाएं जाते हैं। यह सेहत के लिए बहुत फायदेमंद होता है। भुट्टे के विटामिन बी, कैल्सीयम, पोटेशियम और अन्य कई मिनरल्स पाए जाते हैं। यदि आप अब तक भुट्टे के बालों को फेकतें है तो इस खबर हो पढ़ने के बाद फेकते समय जरूर सोचेंगे। तो आइए जाने भुट्टे के बाल के फायदे।

किडनी के लिए काम की चीज

किडनी की समस्याओं के लिए भुट्टे के बाल किसी वरदान से कम नहीं है। भुट्टे के बाल से बनी चाय किडनी में जमा हुए टॉक्सिन और नाइट्रेट जैसे तत्वों ओ शरीर के बाहर निकालता है। इतना ही नहीं यदि आपको किडनी स्टोन की समस्या है तो भुट्टे के बाल के बनी चाय इसे भी धीरे-धीरे बाहर निकाल देता है।

भुट्टे के बालों से बनी चाय
वजन भी करता है कम

मोटापा जो आजकल सबसे बड़ी समस्याओं में से एक है, उसके लिए भी भुट्टे का बाल काफी मददगार होता है। स्टडी के मुताबिक शरीर में वॉटर रिटेन्शन और विषाक्त पदार्थों के जमने के कारण कुछ लोगों में मोटापे की समस्या दिखने लगती है। भुट्टे का बाल इन परेशानियों को दूर करता है और मोटापा कम करता है।

मधुमेह को करता है कंट्रोल

भुट्टे के बाल से बनी चाय मधुमेह यानि डायबीटीज में भी सहायक होती है। माना जाता है की इस चाय का सेवन करने से इंसुलिन की मात्रा संतुलित रहती है। भुट्टे के बाल में ऐसे तत्व पाए जाते हैं जो शरीर में इंसुलिन की मात्रा को संतुलित करता है, जिससे मधुमेह भी कंट्रोल होता है।

पाचन में भी करता है मदद

अब तक अपने इसके फायदे जान लिए लेकिन क्या आपको पता है भुट्टे के बाल ना सिर्फ टॉक्सिन को शरीर से निकालता है, बल्कि पाचन को भी अच्छा करता है। यह खाने को अच्छे से पचाकर, आपकी भूख भी बढ़ाता है। क्योंकि इसमें प्रोटीन की मात्रा भी भरपूर होती है।

Disclaimer: इस खबर का उद्देश्य केवल शिक्षित करना है। हम इन बातों का दावा नहीं करते है। कोई भी कदम उठाने से पहले विशेषज्ञों की सलाह जरूर लें।

Manisha Kumari Pandey
लेखक के बारे में
पत्रकारिता जनकल्याण का माध्यम है। एक पत्रकार का काम नई जानकारी को उजागर करना और उस जानकारी को एक संदर्भ में रखना है। ताकि उस जानकारी का इस्तेमाल मानव की स्थिति को सुधारने में हो सकें। देश और दुनिया धीरे–धीरे बदल रही है। आधुनिक जनसंपर्क का विस्तार भी हो रहा है। लेकिन एक पत्रकार का किरदार वैसा ही जैसे आजादी के पहले था। समाज के मुद्दों को समाज तक पहुंचाना। स्वयं के लाभ को न देख सेवा को प्राथमिकता देना यही पत्रकारिता है। अच्छी पत्रकारिता बेहतर दुनिया बनाने की क्षमता रखती है। इसलिए भारतीय संविधान में पत्रकारिता को चौथा स्तंभ बताया गया है। हेनरी ल्यूस ने कहा है, " प्रकाशन एक व्यवसाय है, लेकिन पत्रकारिता कभी व्यवसाय नहीं थी और आज भी नहीं है और न ही यह कोई पेशा है।" पत्रकारिता समाजसेवा है और मुझे गर्व है कि "मैं एक पत्रकार हूं।" View all posts by Manisha Kumari Pandey →
Follow Us :GoogleNews