अशोकनगर|हितेंद्र बुधौलिया| रोज कमा कर खाने वाले लोगों के लिये कोरोना महामारी के संक्रमण से बचाव के लिए लागू किया गया लॉक डाउन भारी परेशानियों का कारण बना हुआ है। सबसे बड़ी परेशानी इन्हें रोज भूख से लड़ाई की है । अशोकनगर जिले में एक मार्मिक तस्वीर सामने आई है जिसमें एक वृद्ध दिव्यांग अपने परिवार की भूख मिटाने के लिए 2 किलोमीटर दूर जब राशन लेने पहुंचा तो उसे अपना कृत्रिम पैर सोशल डिस्टेंसिंग के लिए बने गोले में रखना पड़ा । इसके बाद जरूरतमन्दो को राशन उपलब्ध करा रहे पूर्व विधायक जजपाल सिंह जज्जी ने इस दिव्यांग की मदद की और उसके पूरे परिवार की राशन की व्यवस्था उसके घर में ही की।

50 वर्षीय भगवत सिंह 5 साल पहले एक ट्रेन दुर्घटना में अपना पैर गवा चेक है। इस कारण इसके परिवार की आर्थिक हालत खराब हो गई थी। एक बेटा है जो प्राइवेट दुकान पर काम करता है। लॉक डाउन के कारण 6 लोगों के परिवार की भोजन की व्यवस्था करना काफी मशक्कत का काम है।

दिव्यांग को मालूम पड़ा कि पूर्व विधायक जजपाल सिंह जज्जी राशन एवं भोजन का वितरण कर रहे हैं। तो 2 किलोमीटर पैदल चलकर वहां पहुंचा। भोजन के लिये बनी राशन की कतार में कुछ देर खड़ा रहा। धूप में दिक्कत हुई तो अपना पैर सोशल डिस्टेंसिंग के लिये बनाये गोले में रख दिया एवं अपनी बारी आने का इंतजार करने लगा। गोले में कृतिम पैर को रखा देखा तो पूर्व विधायक जज्जी उसके पास पहुचे एवं उसे घर भेज कर उसके राशन की व्यवस्था भी की।