वरिष्ठ नेताओं को दरकिनार कर रही पार्टी, लोकसभा चुनाव में उठाना पड़ेगा नुकसान : गौर

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भोपाल। कांग्रेस से लोकसभा चुनाव का ऑफर मिलने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर एक बार फिर चर्चाओं में है। इसी बीच पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर ने बीजेपी पर बड़ा हमला बोला है। गौर का कहना है कि बीजेपी अब कुशाभाऊ ठाकरे के समय वाली पार्टी नही बची है। जिन्होंने इस पार्टी को जीरो से हीरो बनाया, पार्टी में सबको साथ लेकर चले। आज प्रदेश की उसी पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को दरकिनार किया जा रहा है। जैसे रघुनंदन शर्मा, लक्ष्मीकांत शर्मा,राघव जी, कुसमरिया  और फिर सरताज सिंह को दरकिनार किया गया।

गौर यही नही रुके उन्होंने आगे कहा कि कैलाश विजयवर्गीय जैसे नेता को प्रदेश छोड़ना पड़ा। लक्ष्मीकांत शर्मा का कद बढ़ने लगा तो व्यापमं में फंसा दिया। राघवजी, सरताज सिंह और रामकृष्ण कुसमरिया जैसे उम्र और अनुभव में बड़े, पांच-छह बार के सांसद रहे नेताओं को किस तरह अपमानित किया गया। पार्टी ने सभी को साइड लाइन किया है। सब जानते हैं, इसके लिए कौन जिम्मेदार है। सब कुछ प्लानिंग से किया गया। (उनका इशारा पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज की ओर था।)वरिष्ठ नेता के सहयोग के बिना पार्टी का भविष्य ठीक नही।

इसी के साथ उन्होंने लोकसभा चुनाव को लेकर पार्टी को नुकसान के भी संकेत दिए।वही विधानसभा चुनाव में 3 राज्यो में मिली हार पर गौर ने कहा कि विधानसभा चुनाव में सही लोगो को टिकट  नही दिया गया। सर्वे में जीतने वाले उम्मीदवार को पार्टी द्वारा दरकिनार किया गया। ऐसे लोगो को टिकट दिया गया जिनका सर्वे में नाम ही नही था।हालांकि यह पहला मौका नही है जब गौर ने अपने ही पार्टी को निशाने पर लिया हो। पहले भी गौर कई बार भाजपा के खिलाफ मोर्चा खोल चुके है। विधानसभा चुनाव के दौरान उनके बगावती तेवर कई बार देखने को मिले थे।

गौरतलब है कि गुरुवार को कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय द्वारा पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल गौर को कांग्रेस में आने का ऑफर दिए जाने की बात सामने आई थी। गौर ने खुद कहा था कि उन्हें कांग्रेस से लोकसभा चुनाव लड़ने का ऑफर है, हालांकि उन्होंने उसे स्वीकार नही किया है। वे इस पर विचार कर रहे है। इसके बीच बीजेपी और कांग्रेस आमने सामने हो गई थी। बीजेपी ने कहा था कि कांग्रेस के पास चेहरे नहीं बचे हैं, इसलिए अब वो बीजेपी नेताओं को ऑफर दे रहे हैं। पार्टी का जो भी कार्यकर्ता या पदाधिकारी अनुशासनहीनता करते हैं,उन पर कार्रवाई नियम तोड़ने पर कार्रवाई की जाती है।