प्रदेश बैठक में शामिल नहीं हो पाएंगी विधायक रामबाई, पूर्व विधायक की हुई घर वापसी

भोपाल। मध्य प्रदेश के दमोह जिले की पथरिया विधानसभा से बसपा की निलंबित विधायक रामबाई को प्रदेश पार्टी की प्रदेश बैठक में आने का न्यौता नहीं मिला है। पार्टी ने फैसला किया है कि 15 जनवरी को प्रदेश भर में बड़े स्तर पर बसपा सुप्रीमो मायावती का जन्मदिन मनाया जाएगा। इसके अलावा प्रदेश में होने वाले निकाय चुनाव को लेकर संगठन के मुद्दों पर भी विचार विमर्श किया जाएगा।  बसपा के दूसरे विधायक संजीव कुशवाह के बारे में बताया गया कि वे संगठन के काम से दूसरे जिले में थे।

बसपा विधायक रामबाई के निलंबन के बाद आयोजित पहली प्रदेश स्तरीय बैठक में प्रदेश प्रभारी रामजी गौतम, अतरसिंह राव, पूरनसिंह अहिरवार और वरुण आंबेडकर की मौजूदगी में कई निर्णय लिए गए। इस अवसर पर पूर्व विधायक सोनेराम कुशवाह ने बसपा की सदस्यता भी ग्रहण कर ली। प्रदेश अध्यक्ष रामजी पिप्पल ने बताया कि प्रदेश में पार्टी सुप्रीमो मायावती का जन्मदिन 15 जनवरी को भव्य स्तर पर मनाया जाएगा।

हर जिला स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि आगामी दिनों में होने वाले स्थानीय निकाय चुनाव के संदर्भ में पार्टी स्तर पर अभी निर्णय लिया जाना बाकी है। उन्होंने बताया कि गौतम सहित अन्य प्रभारियों की मौजूदगी में संगठन के कई मुद्दों पर विचार विमर्श किया गया। पार्टी की इस प्रदेश स्तरीय बैठक का विधायक रामबाई को बुलावा नहीं भेजा गया। नागरिकता संशोधन कानून का समर्थन करने के कारण बसपा सुप्रीमो मायावती ने 29 दिसंबर को उन्हें पार्टी से निलंबित कर दिया था। पार्टी की बैठकों और कार्यक्रमों से भी उन्हें दूर रखने के निर्देश दिए गए हैं।

बसपा का कहना है कि पार्टी लाइन से बाहर जाकर रामबाई ने अनुशासनहीनता की, इसलिए उनके खिलाफ यह कार्रवाई की गई है। हालांकि रामबाई ने अपने बयान के लिए पार्टी से माफी भी मांग ली थी। बसपा प्रदेश अध्यक्ष पिप्पल ने बताया कि पूर्व विधायक कुशवाह ने पार्टी की सदस्यता ग्रहण कर ली है। वर्ष 2018 का विधानसभा चुनाव कुशवाह ने जौरा विस सीट से लड़ा था। वर्ष 1993 में वह बसपा से विधायक रह चुके हैं।