भोपाल| कोरोना संकटकाल के बीच मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने एक और बड़ा फैसला लिया है| ग़रीबों के लिए संचालित सम्बल योजना को सरकार ने फिर शुरू कर दिया है| मंत्रालय में आयोजित संबल योजना को लेकर बैठक में मुख्यमंत्री ने यह फैसला लिया|

भाजपा की पिछली सरकार में मुख्यमंत्री जन कल्याण योजना, संबल योजना शुरू की थी, जिसमें गरीबी रेखा से नीचे रहने वाले लोगों के पुराने बिजली बिल माफ करने और दो सौ रुपए प्रतिमाह पर बिजली देने का प्रावधान था। शिवराज सराकर ने 2018 में चुनाव से ठीक पहले पूरे प्रदेश में इस योजना को लागू किया गया था, लेकिन कमलनाथ सरकार में यह योजना ठन्डे बस्ते में चली गई थी|

गरीबों की अनदेखी नहीं होने दी जायेगी

सीएम शिवराज ने कहा गरीबों की अनदेखी नहीं होने दी जायेगी| गरीबों के हित के लिए पैसों की कमी नहीं होने देंगे| देश के संसाधनों पर गरीबों का समान अधिकार है| जनकल्याण (संबल) योजना गरीब नागरिकों को सुविधाएँ देने के लिए प्रारम्भ की गई थी। ऐसे समय जब देश-प्रदेश में कोरोना का प्रकोप है, इस योजना के माध्यम से गरीबों और वंचितों को लाभ देने में सहायता मिलेगी| सीएम ने कहा कमलनाथ सरकार ने गरीबों के कल्याण की ‘संबल’ योजना को ठंडे बस्ते में डाल दिया था जिससे प्रदेश के लाखों गरीब और निचले तबके के लोग इसके लाभ से वंचित हो गए थे| पिछली सरकार में गरीबों की घोर अनदेखी की गई| हमने इस कल्याणकारी योजना को पुनः प्रारम्भ करने का निर्णय लिया है। संकट के बीच संबल योजना के पुनः प्रारम्भ होने से प्रत्येक वर्ग के लाखों गरीब नागरिकों सहायता देने में बड़ी मदद मिलेगी| मैं इस योजना के क्रियान्वयन के लिए धनराशि की कोई कमी आड़े नहीं आने दूंगा| आवश्यक बजट का प्रावधान करते हुए सभी पात्र हितग्राहियों को इसका लाभ दिया जाएगा।