पूर्व जेल अधीक्षक पर आयकर विभाग की कार्रवाई,  65 करोड़ की संपत्ति अटैच

भोपाल। प्रदेश में पहली बाद किसी रिटायर्ड अफसर की 65 करोड़ की संपत्ति अटैच की गई है। आय से अधिक संपत्ति मामले में फंसे सेंट्रल जेल के पूर्व अधीक्षक पुरुषोत्तम सोमकुंवर के खिलाफ आयकर विभाग ने यह कार्रवाई की है।  विभाग ने जिला पंजीयक को कार्रवाई की जानकारी देकर इन प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त पर रोक लगाने को कहा है। 

सोमकुंवर पर वर्ष 2005 से 2011 के बीच जेल अधीक्षक रहते बेतहाशा संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। 2012 में पड़े लोकायुक्त छापे में 2.85 करोड़ रुपए की गैर अनुपातिक संपत्ति मिलने के बाद जेल सोमकुंवर को जेल भेजा गया था। फिलहाल वे जमानत पर बाहर हैं। पंजीयन विभाग के सूत्रों ने कहा कि 2012 में लोकायुक्त के छापों के बाद भी सोमकुंवर की प्रॉपर्टी की खरीद बिक्री पर कोई पाबंदी नहीं थी। इसके चलते उसने अपनी कुछ प्रॉपर्टी करीब 3 करोड़ रुपए में बेच भी दी थी। आयकर विभाग ने लंबी इन्वेस्टिगेशन के बाद ही यह नोटिस दिए।

यह संपत्ति अटैच

60 करोड़ मूल्य की भोपाल के पास खामखेड़ा में 40 और इसके आसपास 12 एकड़ जमीन। भोपाल में एलेक्जर ग्रीन जेल रोड पर 68 लाख रुपए का 1700-1700 वर्गफीट का फ्लेट।  पारस विला होशंगाबाद रोड पर 1700-1700 वर्गफीट के तीन प्लॉट जिनकी कीमत 3.30 करोड़ है। चूनाभ_ी में एक करोड़ की कीमत का 1400 वर्गफीट का प्लॉट। 50 लाख के म्यूचुअल फंड। 

लोकायुक्त को मिली भी यह संपत्ति

भोपाल में चाणक्यपुरी स्थित मकान और दो बंगले, भोपाल हॉस्टल, दो दुकानें, छिंदवाड़ा में 30 लाख की 12 एकड़ जमीन, इंदौर की 74 नंबर स्कीम में प्लॉट। इंदौर और भोपाल निवास से 5-5 लाख रुपए नकद, आधा किलो सोने के जेवरात, 10 बैंकों में एक साल में 50 लाख का टर्नओवर, इंदौर निवास से 8 लाख रुपए की पॉलिसी मिली थी।