मध्य प्रदेश में भयंकर सर्दी के दौर का होगा आगाज़, इन जिलों में ओले गिरने का ‘अलर्ट’

भोपाल। मध्यप्रदेश में गुरुवार देर शाम को हुई बारिश के बाद मौसम ने करवट बदल ली है। बारिश के असर के चलते शुक्रवार सुबह राजधानी भोपाल में घना कोहरा छाया रहा। घना कोहरे के चलते विजिबिलिटी घटकर 500 मीटर रह गई। धुंध होने और दृश्यता नहीं होने से बस, ट्रेन और हवाई यात्रा प्रभावित रही। सडक़ों पर लोगों वाहनों में लाइट जलकर आते-जाते दिखाई दिये। मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में अब ठंड बढ़ सकती है। 

सीजन के इस पहले मावठे ने ठंड बढ़ा दी है। तापमान में लगातार गिरावट आ रही है। भोपाल में गुरुवार रात 11:30 बजे तक 8 घंटे में 21.6 मिमी बारिश हुई। इससे दिसंबर में बारिश का नया रिकॉर्ड बन गया। इससे पहले 13 दिसंबर 2014 को 19.5 मिमी बारिश हुई थी।

ओलावृष्टि की सम्भावना

मौसम विभाग ने राज्य के कई जिलों में गरज चमक के साथ बारिश होने की सम्भावना जताई हैं। मौसम विभाग ने जिन जिलों के लिए चेतावनी जारी की है, उसमें अनुसार भोपाल, रायसेन, राजगढ़, विदिशा, सीहोर, मंदसौर, नीमच, अशोकनगर, गुना ग्वालियर, शिवपुरी, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योपुरकला, छिंदवाड़ा, जबलपुर, बालाघाट, नरसिंहपुर, सिवनी, मंडला, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, छतरपुर, सागर, टीकमगढ़, पन्ना, दमोह, बेतुल, हरदा एवं होशंगाबाद जिलों में गरज चमक के साथ बारिशी की सम्भावना है। कई जिलों में यह मौसम आने वाले दिनों में देखा जा सकता है।