अब प्रदेश में भी बनेगे यूनिफाइड रजिस्ट्रेशन और ड्रायविंग कार्ड

भोपाल।

मुख्यमंत्री कमल नाथ ने आज मंत्रालय में वाहनों के लिये यूनिफाइड रजिस्ट्रेशन एवं लायसेंस जारि किया। परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया है कि मध्यप्रदेश अब यूनिफाइड रजिस्ट्रेशन कार्ड जारी करने वाला देश का पहला और यूनिफाइड लायसेंस जारी करने वाला देश का दूसरा राज्य बन गया है। भारत सरकार द्वारा मार्च-2019 में पूरे देश में एक समान ड्रायविंग लायसेंस एवं पंजीयन कार्ड लागू किये जाने के संबंध में जारी गाइड लाइन के अनुसार परिवहन विभाग द्वारा ड्रायविंग लायसेंस एवं रजिस्ट्रेशन कार्ड जारी कर रहा है।

मंत्री राजपूत ने बताया कि परिवहन विभाग द्वारा यूनिफाइड ड्रायविंग लायसेंस एवं पंजीयन कार्ड जारी किये जाने के संबंध में सॉफ्टवेयर एवं कार्ड संबंधी तैयारी पूर्ण कर ली गई है। उन्होंने बताया कि उत्तरप्रदेश के बाद मध्यप्रदेश दूसरा राज्य होगा, जहाँ यूनिफाइड ड्रायविंग लायसेंस जारी किए जा रहे है। मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने बताया कि यूनिफाइड ड्रायविंग लायसेंस पूरे देश में एक रंग एवं समान पेटर्न के होंगे। नए कार्ड में वाहन एवं वाहन चालक से संबंधित वैधता, इमरजेंसी नम्बर, आर्गन डोनर, क्यू.आर. कोड, विशिष्ट सीरियल नम्बर, खतरनाक वैधता, अमान्य बैज सहित सम्पूर्ण विवरण के साथ नए कार्डों में सम्पूर्ण जानकारी होगी।

कार्ड की ये हैं विशेषताएँ

कार्ड की मुख्य विशेषता यूनिफाईड ड्रायविंग लायसेंस एवं पंजीयन कार्ड में नई जानकारियां संकलित जोडी गई है। पूरे देश में यह कार्ड एक समान और एक रंग का है। इस में पहाड़ी और खतरनाक क्षेत्रों में ड्रायविंग करने की क्षमता का भी इसमें उल्लेख किया गया है। विशिष्ट सीरियल नंबर होने के साथ ही इसमें आकस्मिक इमरजेंसी नंबर होगा। साथ ही इस में बैज नंबर भी दर्ज किया गया है। नए कार्ड के दोनों तरफ जानकारी लिखी होने के साथ ही ऑर्गन डोनर, क्यूआर कोर्ड और अमान्य वाहन पंजीयन नंबर की भी जानकारी होगी।

 प्रथम छह उपभोक्ताओं को टोकन के रूप में सीएम ने दिए कार्ड 
मुख्यमंत्री कमलनाथ ने परिवहन विभाग को देश में यूनिफाईड पंजीयन कार्ड बनाने में पहला और ड्रायविंग लायसेंस में दूसरा राज्य बनने पर बधाई दी। कमलनाथ ने इस मौके पर यूनिफाइड कार्ड के प्रथम छह उपभोक्ताओं को टोकन के रूप में कार्ड वितरित किए। इस अवसर पर प्रमुख सचिव गृह एवं परिवहन एसएन मिश्रा, परिवहन आयुक्त मधुकुमार एवं परिवहन विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।