MP के सिर्फ दो जिले कोरोना क्लीन, रिकवरी रेट अब 53 प्रतिशत

भोपाल| मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) में कोरोना (Corona) का कहर जारी है| राज्य में कोरोना संक्रमितों की संख्या सात हजार पार हो चुकी है| प्रदेश के 52 में से 50 जिले कोरोना की चपेट में आ चुके हैं। अब सिर्फ कटनी और निवाड़ी दो जिले ही इस बीमारी से अछूते हैं। राहत कि खबर यह है कि प्रदेश की कोरोना रिकवरी रेट अब 53 प्रतिशत हो गई है। इसी प्रकार मध्यप्रदेश में कोरोना की डबलिंग रेट 21 दिन हो गई है।

कटनी और निवाड़ी जिला अब तक कोरोना के शिकार से बचे हुए हैं| हालाँकि सुकून की बात यह है कि संक्रमित 21 जिलों में 9 या इससे कम मरीज हैं, जबकि राज्य के 62 फीसद मरीज इंदौर व भोपाल में हैं। कोरोना की चपेट में आए 50 जिलों में से 25 में अभी तक कोरोना से एक भी मरीज की मौत नहीं हुई है। प्रदेश में अब तक 3689 स्वस्थ हो चुके हैं। 3030 का इलाज चल रहा है, जबकि 305 की मौत हो चुकी है।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश में बड़ी संख्या में कोरोना के मरीज स्वस्थ होकर घर जा रहे हैं। प्रदेश की कोरोना रिकवरी रेट अब 53 प्रतिशत हो गई है। देश की रिकवरी रेट 41.8 प्रतिशत है। इसी प्रकार मध्यप्रदेश में कोरोना की डबलिंग रेट 21 दिन हो गई है। वहीं देश की कोरोना डबलिंग रेट 15.4 दिन है। इंदौर जिले की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने बताया कि इंदौर में सघन सर्वे तथा टैस्ट के माध्यम से मरीजों की जल्द पहचान से मृत्यु दर में उल्लेखनीय कमी आ रही है। इंदौर की कोरोना मृत्यु दर 3.6 है, म.प्र. की 4.1 प्रतिशत है और भारत की 2.6 प्रतिशत है। गत सप्ताह इंदौर की कोरोना मृत्यु दर 1.08 प्रतिशत रही। कोरोना मरीजों की डबलिंग रेट बढ़कर 30 दिन हो गई है। शहर के संक्रमित वार्ड की संख्या 79 से 62 रह गई है।