राजधानी के एक निजी अस्पताल में विवाद, डॉक्टरों और नर्सों की लगाई पिटाई

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भोपाल। आईएसबीटी स्थित पालीवाल अस्पताल में आज सुबह दो दर्जन से अधिक हुड़दंगियों ने जमकर हंगामा किया। आरोपियों ने अस्पताल में तोडफ़ोड़ कर लाखों रूपए का नुकसान कर डाला। बेकाबू भीड़ ने अस्पताल में स्थित मंदिर को भी नहीं छोड़ा। इतना ही नहीं अस्पताल की दो महिला नर्स सहित एक मेल नर्स व अन्य स्टॉफ की जमकर धुनाई की। हमलावरों ने महिलाओं सहित अन्य स्टॉफ के कपड़े फड़ डाले। वारदात को एक महिला की मौत की पुष्टी के बाद में अंजाम दिया गया है। आरोपी मृत महिला का ईलाज करने की बात पर अड़े थे। जबकि डाक्टरों का कहना है कि अस्पातल लाने से पूर्व ही महिला की मौत हो चुकी थी। हालात बेकाबू होते देख अस्पताल में भारी पुलिस बल पहुंच गई थी। सीसीटीवी फुटैज के आधार पर आरोपियों की शिनाख्ती कर गिरफ्तारी की जाएगी। पुलिस प्रकरण दर्ज कर रही है।

डाक्टर जेपी पालीवाल के अनुसार आज सुबह नर्मदी बाई निवासी अन्ना नगर को उसके परिजन मृत अवस्था में अस्पताल लाए थे। जहां डाक्टरों ने चेक करने के बाद में उसकी मौत की पुष्टी कर दी। इस पर आरोपी परिजन भड़क गए और सही से चेक कर इलाज करने की बात कही। डाक्टरों ने दोबारा महिला की मृत होने की जानकारी परिजनों को दी। जिसके बाद में परिजनों ने ड्युटी डाक्टर से झूमाझटकी शुरू कर दी। विरोध करने पर आरोपियों ने अस्पताल में तोडफ़ोड़ करना शुरू कर दिया। हमलावरों ने अस्पताल के मंदिर में भी तोडफ़ोड़ की। महिला नर्सों ने आरोपियों को ऐसा करने से मना किया तो उनके साथ भी मारपीट की गई। एक मेल नर्स को भी जमकर पीटा गया है। अस्पताल के अन्य स्टॉफ के साथ भी मारपीट की गई है। अस्पताल की सूचना पर सीएसपी गोविंदपुरा अमित सिंह ने गोविंदपुरा थाना पुलिस को तत्काल रवाना किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हालात पर काबू पाया। वहीं मृतका के परिनजों के आरोप हैं कि उनसे अस्पता में एडवांस पैसा जमा करने की मांग की गई थी। रकम उस समय नहीं होने के हालात में नर्मदी का इलाज नहीं किया गया। जिससे नर्मदी की मौत हो गई। मामले में पुलिस का कहना है कि मर्ग कायम किया जा रहा है। अस्पताल में तोडफ़ोड़ मारपीट करने वालों के खिलाफ अलग से प्रकरण दर्ज किया जाएगा।

– डाक्टर्स ऐसोसिएशन ने की सुरक्षा की मांग

पालीवाल अस्पताल में डाक्टरों और स्टॉफ के साथ मारपीट की सूचना मिलते ही शहर के कई बड़े डाक्टर मौके पर पहुंच गए थे। डाक्टर्स ऐसोसिशन के अध्यक्ष डाक्टर हजैला ने मांग की है कि जल्द ही डाक्टरों की सुरक्षा के लिए सख्त कानून नहीं बनाया गया तो सभी प्रायवेट अस्पताल काम बंद कर देंगे।

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