चौकीदार निकला आदिवासी हॉस्टल के सात साल के मासूम का हत्यारा

भोपाल। राजधानी भोपाल के पटेल नगर स्थित आदिवासी होस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहे सात साल के मासूम की हत्या की गुत्थी सुलझ गई। होस्टल के चौकीदार ने ही मासूम पर पहले रॉड से हमला किया और फिर गला घोंट कर मार डाला। इस सनसनीखेज मामले में पुलिस ने चौकीदार को गिरफ्तार कर लिया है।

आरोपी ने पूछताछ में खुलासा किया कि बच्चा बाथरूम के बाहर खड़े होकर टॉयलेट कर रहा था। उसने रोका तो वह नहीं माना। गुस्से में उसने बच्चे की कनपटी पर रॉड मार दी थी। इससे वह बेहोश हो गया तो उसका गला घोंट दिया था। सूरज रहटी जिला सीहोर निवासी सूरज पुत्र राजेश(7) आदिवासी हॉस्टल में अपने बड़े भाई दीपक(9) के साथ रहता था। सूरज पहली कक्षा में पढ़ता था। बुधवार को सूरज की किसी ने हॉस्टल के निचले हिस्से में बने बाथरूम में गला घोंटकर हत्या कर दी थी। गुरुवार को पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने के बाद इस मामले में हत्या का केस दर्ज कर जांच शुरू की गई थी।

एएसपी संजय साहू ने शुक्रवार रात को इस मामले का खुलासा करते हुए बताया कि मासूम सूरज रॉड के हमले से बेसुध होकर टॉयलेट की देहरी पर गिरा तो हमलावर चौकीदार जगदीश कलावत डर गया और फिर उसने सूरज की गला दबाकर हत्या कर दी। पुलिस को जांच के दौरान पता चला कि बुधवार शाम करीब 6ः45 बजे हॉस्टल से नीचे बाथरूम में आया था। 15 मिनट तक उसके वापस नहीं लौटने पर उसका भाई दीपक उसे देखने नीचे आया था। दीपक ने छोटे भाई को बाथरूम में बेहोश पड़ा देख चौकीदार जगदीश को सूचना दी थी। जगदीश ने घटना के बारे में अधीक्षक को फोन पर बताया था।

पुलिस को शुरू से ही जगदीश की इस मामले में भूमिका संदिग्ध लग रही थी। उसके बयानों में विरोधाभास आ रहा था। लगातार सवाल करने के बाद अंततः जगदीश टूट गया। । आरोपित जगदीश पुत्र हंसराज कलावत(35) मूलतः किशनपुरा फतेहगढ़ जिला गुना का रहने वाला है। जगदीश चार साल से होस्टल में तैनात था। वह पत्नी और दो बच्चों के साथ रहता था।