भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। उपचुनाव से पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chouhaan) का बडा बयान सामने आया है।सीएम ने फसल बीमा राशि (Crop insurance amount) को लेकर बड़ा ऐलान किया है। शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि मध्य प्रदेश में फसल बीमा की न्यूनतम राशि को लेकर सरकार नियम बनाएगी।  इस पर विचार किया जा रहा है। सीएम ने कहा कि आज हम लगभग 23 हजार वनाधिकार पट्टे दे रहे हैं। इसके बाद भी जिनके पुराने कब्जे हैं 2006 से पहले के, उनको पट्टे देने का अभियान हमारा चालू रहेगा। लेकिन एक काम हमें करना चाहिए कि अब जंगल बचे रहने चाहिए। 15 सालों में ट्राइबल हाई स्कूल दोगुने से ज्यादा बढ़ाए गए हैं। पढ़ाई में बच्चों के लिए कोई कमी नहीं रहने देंगे। अब इस बार हमने तय किया है कि सीनियर छात्रावास और महाविद्यालयीन छात्रावास भी प्रारंभ करेंगे।

दरअसल, आज शनिवार को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए ‘वनाधिकार उत्सव’ कार्यक्रम में हितग्राहियों को वनाधिकार पट्टों का वितरण किए हैं। इस दौरान उन्होंने घोषणा करते हुए कहा फसल बीमा की न्यूनतम राशि पर सरकार नियम बनाएगी। इस पर विचार किया जा रहा है।सीएम ने कहा कि ये मुख्यमंत्री, ये आधिकारी, इनकी गाडियां, ये दंभ और अंहकार के लिए नहीं हैं। ये अपनी जनता की बेहतर सेवा के लिए है। जनता में जो सबसे नीचे हैं सबसे दुखी और गरीब हैं, वो हमारे लिए सबसे पहले हैं ।मुख्यमंत्री शिवराज ने कहा कि मेरी जिंदगी का मिशन जनता की सेवा करना है। मेरे लिए कोई भगवान का रूप है तो ये जनता ही है। यही मेरे लिए परमेश्वर हैं।

सुनाया अपने कॉलेज का एक किस्सा
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार आदिवासी भाई-बहनों को उनका वाजिब हक़ दिलवाने के लिए सदैव तत्पर रहती है। सरकार द्वारा एक ओर उनकी आय में वृद्धि के लिए लघु वनोपजों के समर्थन मूल्य में वृद्धि की गई एवं उन्हें तेंदूपत्ता संग्रहण का अच्छा मूल्य दिलाया गया, वहीं उनको साहूकारों के शोषण से मुक्त करने के लिए 15 अगस्त 2020 की स्थिति में उनके सभी अवैध साहूकारी ऋण कानून बनाकर शून्य किए जा रहे हैं। राजनीतिक की शुरुआत से पहले में पढ़ाई करने के लिए भोपाल में रहता था उस दौरान आदिवासी समुदाय को प्रताड़ित होते देखा हैं। एक बार का वाक्या बताते हुए सीएम ने कहा कि जब हम जगंल के रास्ते से गुजरे तो कुछ आदिवासी समुदाय के लोग हमें देख छुप गए हमने जब कारण पूछा तो वह कहने लगे की आप रेंजर साहब है उसे देखकर आप अंदाजा लगा सकते हैं कि कैसा भय का माहौल था।

प्रदेश के सब बेटे-बेटियों की फीस भरवाऊंगा

इस दौरान सीएम ने अनूपपुर की जनजाति समूह की छात्रा सीमा मरावी से संवाद किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सब बेटे-बेटियों की फीस मैं भरवाऊंगा। उसकी चिंता मत करना। मन लगाकर पढ़ाई करें, जनजाति समूह की बेटे-बेटियां आगे आएं।वही अनूपपुर की वनाधिकार पट्टा हितग्राही नौहरमति से संवाद किया। उन्होंने कहा कि अभी तक डर बना रहता था कि जमीन का पट्टा नहीं हैं। अब वनाधिकार का पट्टा मिल जाएगा तो ये जमीन आपकी हो जाएगी।