अब उद्दीप और यंग इंडियन्स मिलकर दिव्यांगों को बनाएंगे सशक्त

भोपाल।

राष्ट्रपति से सम्मानित और प्रसिद्ध पहली दिव्यांग एंकर पूनम श्रोती की दिव्यागों को सशक्त बनाने की मेहनत एक बार फिर रंग लाई है। दिव्यांगजनों के समग्र विकास व समानता के लिए राष्ट्रपति सम्मान प्राप्त पूनम श्रोती व सीआईआई के यंग इंडियन्स साथ आ गए हैं। दिव्यांगों को सशक्त, मजबूत और आर्थिक रूप से सुदृढ़ करने के लिए उद्दीप वेलफेयर सोसायटी और यंग इंडियस ने मंगलवार को एमओयू साइन कर करार किया ।

अब उद्दीप और यंग इंडियन्स मिलकर दिव्यांगों को बनाएंगे सशक्त

इस मौके पर उद्दीप वेलफेयर सोसायटी की चेयरमेन पूनम श्रोती व यंग इंडियस् के अनुज गर्ग ने संयुक्त प्रेसवार्ता में बताया कि इस करार के तहत दोनों संस्थाएं मिलकर दिव्यांगों की समानता के लिए कार्य करेंगे। इसके अंतर्गत इंफ्रास्ट्रक्चर में बदलाव प्रमुख प्रयास रहेगा। साथ वक़्त-वक़्त पर जॉब फेयर, ट्रेनिंग सेशन और प्लेसमेंट जैसी गतिविधियां आयोजित कर दिव्यांगों को रोजगार के अवसर दिलवाए जाएंगे। अनुज गर्ग के अनुसार पूनम के इस सामाजिक बदलाव के प्रयास में समाज में दिव्यांगजनों के प्रति आमजन की मानसिकता बदलना और उनके अनुरूप इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार करना एक चुनौती है। सीआईआई पूनम द्वारा इस दिशा में किये जा रहे कार्यों में अपना सहयोग देगी। सहयोग में जागरूकता लाने का प्रयास भी संयुक्त रूप से किया जाएगा।

अब उद्दीप और यंग इंडियन्स मिलकर दिव्यांगों को बनाएंगे सशक्त

देश की सौ सशक्त महिलाओं में शामिल हैं पूनम…
पूनम देश की 100 सर्वश्रेष्ठ महिलाओं में भी शामिल हैं। दिव्यांगजनों के अधिकार को लेकर उनके प्रयासों पर उन्हें राष्ट्रपति सम्मान भी प्राप्त है। पूनम बीते पांच साल से अपनी संस्था के माध्यम से दिव्यांगों की बेहतरी के लिए काम कर रही है। इसके साथ ही उनकी संस्था महिलाओं और बच्चों के लिए भी समय-समय पर कार्यक्रम आयोजित करती रहती है।

अब उद्दीप और यंग इंडियन्स मिलकर दिव्यांगों को बनाएंगे सशक्त

पूनम के सफर के कुछ अंश…
-पूनम का जन्म मध्यप्रदेश के टीकमगढ़ जिले हुआ है और वर्तमान में वह राजधानी भोपाल में रहकर अपने काम को आगे बढा रही है।
-पूनम ने फाइनेंस व एचआर में एमबीए की दो डिग्रियां अर्जित कीं।
– एचआर फर्म में छह साल अपनी सेवाएं दी।
-वर्ष 2013 में उद्दीप सोशल वेलफेयर सोसायटी की नींव रखी।
– वर्ष 2016 में तत्कालीन राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी से सम्मानित ।
-भारत की सौ शीर्ष सशक्त महिलाओं की सूची में शामिल हैं।
-अब तक राष्ट्रीय व प्रादेशिक स्तर के कई सम्मान भी प्राप्त हो चुके हैं।
-डिजीटल माध्यम से अभियान को नई दिशा दी।
– फेसबुक, ट्वीटर, यूट्यूब और वॉट्सएप पर एक्टिव।
-मॉटिवेशनल स्पीकर के रुप में ख्याति अर्जित कर चुकी पूनम के डिजीटल दुनिया में लाखों की संख्या में फॉलोअर्स हैं।
-वे एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट के साथ मिलकर अपना एक शो Super10QswithPoonam भी चलाती हैँ। इस शो में वे बतौर एंकर समानता के लिए अपने सवालों से जागरुकता ला रहीं हैं।
-पूनम बताती हैं कि वह दुनिया की एकमात्र महिला एंकर हैं जो इस बीमारी के साथ एंकरिंग कर रहीं हैं और उनका संदेश सब तक पहुंच रहा है।