भोपाल, डेस्क रिपोर्ट। मध्य प्रदेश की सियासी रणभूमि पर राजनीति के राणबांकुरों ने युद्ध के लिए अपनी-अपनी कमर कस ली है। मतदाताओं को लुभाने के लिए राजनीतिक दल कोई कोर कसर नहीं छोड़ना चाहते। ग्वालियर चंबल क्षेत्र में लगातार सभाएं कर रहे मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती लंबे समय बाद चुनावी मंच पर एक साथ नजर आए। सालों बाद दोनों दिग्गज नेताओं की यह पहली चुनावी सभा बताई जा रही है।

दरअसल, मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान सोमवार को अशोकनगर नगर की मुंगावली विधानसभा में लोकार्पण और शिलान्यास की सौगात देने पहुंचे। इस दौरान उनके साथ पूर्व सीएम उमा भारती भी मौजूद रहीं। दोनों नेताओं ने मंच से एक दूसरे की तारीफ में कसीदे पढ़े। उमा ने शिवराज को अपना बड़ा भाई बताते हुए खुद से बेहतर मुख्यमंत्री भी बताया। इसके साथ ही दोनों कमलनाथ और कांग्रेस पर जमकर बरसे।

एक दूसरे की जमकर तारीफ की, कांग्रेस पर बरसे

सीएम शिवराज ने कमलनाथ पर जमकर निशाना साधा और कहा कि सीएम रहते एक खेत मे नही गए अब खेतों में घूम रहे हैं। किसानों के साथ कमलनाथ ने कर्ज माफी के नाम पर धोखा किया है पर अब भाजपा किसानों के साथ न्याय करेगी। वहीं इस कार्यक्रम में सीएम शिवराज पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती का गुणगान करते नजर आए। उमा भारती ने भी शिवराज को अपने से बेहतर मुख्यमंत्री बताया और शिवराज को बड़ा भाई कहते हुए जमकर मुख्यमंत्री की तारीफ की। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह पर कटाक्ष करते हुए कहा कि मिस्टर बंटाढार ने पहले भी कांग्रेस को प्रदेश से बाहर किया और फिर पंद्रह महीने की सरकार गिराने का श्रेय भी दिग्विजयसिंह को ही जाता है। राममंदिर को लेकर भी उमा भारती जमकर बोली और कहा कि कोर्ट में आज भी मेरा केस चल रहा है और जो भी निर्णय होगा वो भगवान राम का आशीर्वाद मान कर स्वीकार होगा।

लोधी वोट बैंक को साधने की कोशिश
बताया जाता है कि उमा भारती का दौरा स्थानीय जनप्रतिनिधियों की डिमांड पर तय किया गया था। इसके पीछे जो राजनीतिक कारण सामने आए हैं वो विधानसभा क्षेत्र में लोधी समाज के बाहुल्य को लेकर है। यहां करीब 27000 लोधी वोट है और कांग्रेस ने संभावित प्रत्याशी के तौर पर कन्हईराम लोधी का नाम तय कर रखा है। इसे देखते हुए भाजपा ने लोधी वोट बैंक को साधने पूर्व सीएम उमा भारती की चुनावी सभा कराई है। उपचुनाव के ऐलान के बाद उमा भारती की सभाएं कराई जाएंगी।

बीजेपी की "लोधी वोट बैंक" पर नजर!.. चुनावी "रण" में उतरी उमा-शिवराज की जोड़ी