रिपोर्ट: कमलनाथ सरकार में घटी बेरोजगारी, दिग्गी बोले-छिंदवाड़ा मॉडल काम कर रहा

भोपाल।

मुबंई की एक सर्वे कंपनी सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकोनॉमी ( CMIE ) ने एक रिपोर्ट जारी की है, जिसमें वर्तमान में बढ़ती बेरोजगारी के आंकड़ों को का जिक्र किया गया है। इस रिपोर्ट ने जहां केन्द्र की मोदी सरकार की मुश्किलें बढ़ा दी वही एमपी में दस महिने पहले बनी कमलनाथ सरकार को बड़ी राहत दी है।रिपोर्ट के अनुसार, देश के 10 राज्यों में बेरोजगारी की दर सबसे ज्यादा है, उनमें से 6 राज्यों में भाजपा की सरकार है। वही एमपी में बेरोजगारी की दर में कमी आई है यानि दिसंबर 2018 में बेरोजगारी 7% थी लेकिन सितंबर 2019 के अंत तक बेरोजगारी गिरकर 4.2% हो गई है।खास बात तो ये है कि ये रिपोर्ट तब आई है जब हाल ही में सरकार द्वारा निवेश के लिए समिट आयोजित किया गया था।

दरअसल, सेंटर फॉर मॉनिटरिंग इंडियन इकॉनमी (CMIE) के द्वारा किए गए इस सर्वे में सामने आया है कि जिन राज्यों में बेरोजगारी दर सबसे ज्यादा है, उनमें हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, झारखंड, बिहार और उत्तर प्रदेश शामिल हैं। इसके अलावा नॉर्थ ईस्ट के त्रिपुरा और दक्षिण के कर्नाटक में हालात भी अच्छे नहीं हैं। त्रिपुरा में तो सितंबर के डाटा के मुताबिक, बेरोजगारी दर सबसे ज्यादा है।हैरानी की बात तो ये है कि इनमें से छह से ज्यादा राज्यों में बीजेपी का कब्जा है।वही दस महिने पहले एमपी में बनी कमलनाथ सरकार में बेरोजगारी की दर घटी है।रिपोर्ट में बताया गया है कि मध्यप्रदेश में बीते दस महीनों में बेरोजगारी दर में कमी आई है। कमल नाथ सरकार ने प्रदेश में रोजगार के नए विकल्प खोले हैं।कंपनी ने अपनी रिपोर्ट में कहा गया है कि दिसंबर 2018 में बेरोजगारी 7% थी लेकिन सितंबर 2019 के अंत तक बेरोजगारी गिरकर 4.2% हो गई है।

कमलनाथ सरकार ने बेरोजगारी को मात दी

खाब बात तो ये है कि इन आंकड़ों को खुद कांग्रेस ने अपने अधिकारिक ट्वीटर हेल्डर पर शेयर किया है।कांग्रेस ने ट्वीट कर लिखा है कि मप्र में रोज़गार बढे है। कमलनाथ सरकार बेरोज़गारी को मात दी है।कमलनाथ सरकार अपने 10 माह के छोटे से कार्यकाल में में बेरोज़गारी दर को 40% तक कम करने में कामयाब रही है। वर्ष 2018 में जो बेरोज़गारी दर 7% थी, वो अब 4.2% ही रह गई है।ये कमलनाथ जी के कुशल नेतृत्व का कमाल है। कांग्रेस ने अपने अगले ट्वीट में लिखा है कि मध्यप्रदेश में भाजपा के कुशासन में बेरोजगारी की जो दर 7 फीसदी थी, उस बेरोजगारी की कांग्रेस सरकार ने आते ही कमर तोड़ दी। 10 माह में बेरोजगारी दर में 40% की कमी कुशल नीतियों से ही संभव है और कांग्रेस ने ये कर दिखाया। हम जो कहते हैं, वो करते हैं।

दिग्विजय ने भी दी बधाई

वही इस सर्वे के बाद पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने भी कमलनाथ सरकार को बधाई दी है।साथ दी दावा किया है कि मैग्नीफिसेंट एमपी समिट के बाद प्रदेश में कई रोजगार के अवसर खुलेंगें।प्रदेश में कमलनाथ जी का छिंदवाड़ा मॉडल काम करता हुआ नजर आ रहा है जल्द ही इसका लाभ पूरे प्रदेश को मिलेगा।

बीजेपी ने आंकड़ों को बताया झूठा

नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने सीएमआईई के हवाले से कांग्रेस के दावों को गुमराह करने वाला बताया है। बीजेपी ने झूठे आंकड़ों पर कांग्रेस को सरकार की पीठ थपथपाने का आरोप लगाया है। वहीं भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अभिलाष पांडेय ने अब बेरोजगारी के मुद्दे पर सरकार को घेरने का एलान कर दिया है। इसकी शुरुआत नवंबर महीने में य़ुवाओं के बीच हस्ताक्षर अभियान के जरिए की जाएगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here