narottam mishra

भोपाल।
आज मध्यप्रदेश (MadhyPradesh) ने एक बार फिर आज मंगलवार को इतिहास रच दिया है। देश में पहली बार एमपी में वर्चअल शिवराज कैबिनेट बैठक (Virtual Shivraj Cabinet Meeting) हुई । बैठक में मुख्यमंत्री शिवराज (CM Shivraj Singh Chouhaan) चिरायु अस्पताल से , मंत्री अपने घर और अधिकारी मंत्रालय में अपने कक्ष से इस पहली वर्चुअल कैबिनेट में शामिल हुए है।इस दौरान कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।

कैबिनेट की ब्रीफिंग करते हुए गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने बताया कि चंबल एक्सप्रेस-वे प्रोजेक्ट अब #chambalprogressway के नाम से जाना जाएगा। मप्र कैबिनेट ने आज इस संबंध में प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। इसमें तय किया गया कि यह महत्वाकांक्षी योजना ग्वालियर-चंबल क्षेत्र के विकास के लिए मील का पत्थर साबित होगी। चंबल एक्सप्रेस वे का नाम अब चंबल प्रोग्रेस में रखा जाएगा। यह परियोजना चंबल क्षेत्र की दिशा और दशा बदलने का काम करेगी। परियोजना में सड़क के दोनों औद्योगिक क्षेत्र विकसित किए जाएंगे। साथ ही टाउनशिप भी बनेगी।

नरोत्तम मिश्रा ने बताया कि प्रदेश में मुख्यमंत्री ग्रामीण पथ विक्रेता ऋण योजना और प्रधानमंत्री #स्वनिधि_योजना का लाभ अब नगर पंचायत औऱ ग्राम पंचायत स्तर पर छोटे कारोबारियों को भी मिलेगा। इस योजना में लघु व्यवसाइयों की आर्थिक मदद के लिए 10 हजार रुपए के ऋण औऱ ब्याज पर अनुदान की व्यवस्था की गई है। प्रदेश में गरीबों का पैसा हड़पने वाली चिटफंड कंपनियों के खिलाफ सरकार जल्द ही अभियान चलाकर कार्रवाई करेगी। ऐसे तत्वोंं के विरुद्ध कड़े कदम उठाने के साथ गरीबों को हड़पी गई राशि भी वापस दिलाई जाएगी।

गृह एवं जेल विभाग के मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा ने केबिनेट की जानकारी देते हुए बताया कि बैठक में मुख्यमंत्री ने सभी मंत्रियों को निर्देश दिए हैं कि वे आत्मनिर्भर मध्य प्रदेश की कार्ययोजना 15 अगस्त तक तैयार कर लें। प्रदेश में ग्रामीण पथ विक्रेता को व्यवसाय के लिए बैंकों से दस हजार रुपए का ब्याज मुक्त ऋण दिलाया जाएगा। इसके लिए योजना की शुरुआत अगस्त के पहले सप्ताह में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा की जाएगी। इसके तहत अभी तक आठ लाख से ज्यादा पथ विक्रेताओं के पंजीयन हो चुके हैं।