छतरपुर, संजय अवस्थी। बिजावर क्षेत्र को बड़ी सौगात मिली है, केन्द्र सरकार ने बिजावर विधानसभा क्षेत्र में 1300 मेगावाट के सोलर पार्क को मंजूरी दी है, जिसमें 650 मेगावाट किशनगढ़ और बरेठी में 650 मेगावाट के प्लांट स्थापित होंगे। बता दें कि छतरपुर और मुरैना जिलों में 2900 मेगावॉट क्षमता की सोलर पार्क की स्थापना हेतु भारत सरकार से स्वीकृति प्राप्त हो गई है। इन सोलर पार्क की स्थापना के लिए विधानसभा क्षेत्र के ग्राम झरखुवा, पटना, बेहरवारा और मैहरखुवां में भमि आवंटन भी किया जा चुका है। यह सौगात मिलने के बाद बिजावर विधायक राजेश शुक्ला बब्लू ने केन्द्र सरकार और सीएम शिवराज सिंह चौहान का आभार जताया है।

केन्द्र सरकार के ऊर्जा मंत्रालय द्वारा 1300 मेगावाट के सोलर पार्क की परियोजना स्वीकृत की गई है। इस सोलर पार्क हेतु बिजावर तहसील के राजस्व निरीक्षक मंडल देवरा स्थित शासकीय राजस्व भूमि ग्राम महरखुवां में 320.168 हे., पुरवा में 638.137 हे., झरकुवां में 287.452 हे., पटना में 496.422 हे., बिहरवारा में 165.566 हे. एवं ग्राम गर्दा में 62.632 हे. कुल 1943.377 हे. भूमि संयंत्र स्थापना एवं सौर्य सँयंत्र की क्षमता बढ़ाने के उद्देश्य से न्यायालय कलेक्टर जिला छतरपुर द्वारा म.प्र. भोपाल को हस्तांतरित की गई है, जिसका सीमांकन भी हो गया है। बता दें कि क्त प्रकरण वर्ष 2014 से लंबित था जिसमें स्थानीय विधायक राजेश शुक्ला बब्लू के अथक प्रयासों एवं कलेक्टर शीलेन्द्र सिंह के जनहित कार्यों में व्यक्तिगत रुचि एवं प्रशासनिक क्षमता के परिणामस्वरूप इसे तेजी से संज्ञान में लेकर अल्प अवधि में पूर्ण किया है। उल्लेखनीय है कि तहसील बिजावर का उक्त क्षेत्र आदिवासी अंचल के तौर पर पहचाना जाता है, जहां उक्त भूमि आरक्षित एवं नवकरणीय ऊर्जा विभाग को अंतरित होने पर लगभग 1000 मेगावाट क्षमता का सोलर प्लांट स्थापित किया जा सकता है। बिजावर विधायक राजेश शुक्ला बब्लू ने केन्द्र और प्रदेश सरकार का आभार जताते हुए कहा है कि निश्चित ही यह बिजावर क्षेत्र के लिए बड़ी सौगात है। इस सोलर पार्क के निर्माण से जहां एक ओर क्षेत्र की बिजली समस्या खत्म होगी तो वहीं दूसरी ओर इस अति पिछड़े दुर्गम, दूरस्थ आदिवासी अंचल में रोजगार के नए अवसर व्यापक तौर पर सृजित होंगे तथा आम जनमानस के जीवन स्तर पर परिवर्तन परिलक्षित होगा।