छतरपुर में दिखा IPL जैसा नजारा, देसी चीयरलीडर्स ने बिखेरा जलवा, देखें वीडियो

छतरपुर (Chhatarpur) जिले के बमीठा थाना क्षेत्र के काबर गांव में आयोजित क्रिकेट टूर्नामेंट (Cricket tournament) चर्चा में बना हुआ है। जहां पर IPL की तरह चौके-छक्के लगाने पर देसी चीयरलीडर्स (Desi Cheerleaders) का जलवा देखने को मिला।

छतरपुर, डेस्क रिपोर्ट। जिस तरह से इंटरनेशनल क्रिकेट (International cricket) में टीम द्वारा चौके और छक्के लगाने पर चीयरलीडर्स (Cheerleaders) डांस (Dance) करती है। ठीक ऐसा ही मंजर छतरपुर (Chhatarpur) जिले में आयोजित क्रिकेट टूर्नामेंट (Cricket tournament) में देखने को मिल रहा है। जहां पर IPL की तरह चौके-छक्के लगाने पर देसी चीयरलीडर्स का जलवा देखने को मिल रहा है। जो हर चौके और छक्के पर डांस करती नजर आ रही है। ये देसी चीयरलीडर्स (Desi Cheerleaders) पूरे प्रदेश में चर्चा का विषय बन गया है। बता दें कि इन दिनों सभी क्षेत्रों में क्रिकेट और कबड्डी (Cricket and Kabaddi) जैसे खेलों का आयोजन किया जा रहा है।

छतरपुर में दिखा IPL का नजारा

जानकारी के अनुसार बुंदेलखंड (Bundelkhand) के छतरपुर जिले (Chhatarpur district) के बमीठा थाना (Bamitha Police Station) क्षेत्र के काबर गांव (Kabar Village) में स्वर्गीय गुबरा अहिरवार (Gubra Ahirwar) की स्मृति में सोमवार को एक क्रिकेट टूर्नामेंट का आयोजन (Cricket tournament organized) किया गया, जो टूर्नामेंट चर्चा में बना हुआ है। क्योंकि यहां पर खिलाड़ियों द्वारा चौके और छक्के पर देसी चीयरलीडर्स (Desi Cheerleaders) डांस कर उन्हें चीयर कर रही थी। ग्रामीणों को भी देसी चीयरलीडर्स (Desi Cheerleaders) का यह तरीका बेहद पसंद आया। जिन्हें देखने के लिए भारी संख्या में भीड़ भी एकत्रित रही।

देसी चीयरलीडर्स रही चर्चा का विषय

सोमवार को काबर गांव (Kabar Village) में आयोजित क्रिकेट टूर्नामेंट का फाइनल मुकाबला (Cricket tournament final match) सीलोन और दुपरिया के बीच खेला गया। इस दौरान चार लड़कियों को चीयरलीडर्स (Desi Cheerleaders) के रूप में बुलाया गया था। जो हर चौके और छक्के पर डांस (Dance) कर खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन कर रही थी। इस दौरान सुरक्षा को भी ध्यान में रखा गया था जहां देसी चीयरलीडर्स (Desi Cheerleaders) की सुरक्षा के लिए पुलिस जवानों को तैनात किया गया था। जो स्टेज पर तैनात थे। इस दौरान क्रिकेट का फाइनल मैच (Cricket final match) देखने के लिए गांव के साथ-साथ ही आसपास के ग्रामीण इलाकों के लोग भी पहुंचे थे।