अंधविश्वास की हद : परिजनों ने मृतक किशोर को जीवित करने गीली मिट्टी में दबाया

मध्य प्रदेश के बदनावर से अंधविश्वास का मामला सामने आया है। जहां एक किशोर के करंट लगने से मौत हो जाने पर उसे गीली मिट्टी में दबाया गया, ताकि वह जीवित हो जाए। 

dead body
Dead body in shivpuri

भोपाल/धार,डेस्क रिपोर्ट। कई तरह के अंधविश्वास (Superstition) हमारे सामने आते रहते हैं, ऐसा ही एक अंधविश्वास (Superstition) का मामला मध्य प्रदेश के बदनावर (Badnawar of Madhya Pradesh) से सामने आया है। जहां एक किशोर के करंट लगने (Electric Shock) से मौत (Death) हो जाने पर उसे गीली मिट्टी में दबाया गया, ताकि वह जीवित हो जाए। जी हां किसी व्यक्ति ने मृतक के परिजनों से कहा कि उसे गीली मिट्टी में दबाने से वह जीवित हो जाएगा। इसी अंधविश्वास (Superstition) के चलते परिजनों ने मृतक किशोर को गिली मिट्टी में दबाया। जिसके बाद देखते ही देखते वहां पर बड़ी संख्या में भीड़ इकट्ठी हो गई।

जीवित करने मृतक किशोर को गीली मिट्टी में दफनाया

यह पूरा मामला बदनावर विधानसभा के कानवन थाने के ग्राम छनगारा का है। जहां बिजली का करंट लगने से एक किशोर को बदनावर अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसी दौरान किसी ने परिजनों को यह सलाह दी कि मृतक किशोर को गीली मिट्टी में कुछ देर तक दबाकर रखने पर वह फिर से जीवित हो जाएगा। फिर क्या था परिजनों ने शव को अस्पताल से कुछ ही दूरी पर तालाब के किनारे गीली मिट्टी पर लिटा दिया और उसे गीली मिट्टी से ढक दिया।

पुलिसकर्मियों ने दी समझाइश

इस घटना को देखने के लिए तालाब किनारे बड़ी संख्या में लोग इकट्ठे हो गए थे। जिसके बाद इसकी जानकारी पुलिस को हुई, तो टीआई सीबी सिंह पुलिसकर्मियों को लेकर घटनास्थल पर पहुंचे। जहां उन्होंने परिजनों को समझाया। अधिकारियों की समझाइश के बाद ही परिजनों ने शव को पोस्टमार्टम के लिए बदनावर अस्पताल में लेकर पहुंचे, जहां बुधवार को शव का पोस्टमार्टम किया जाएगा।

करंट लगने से गई जान

बता दें कि दिनेश उर्फ गौरव जो छनगारा ग्राम का निवासी है। वह ट्रैक्टर ट्रॉली में मटर की कट्टी लेकर बेचने के लिए बदनावर सब्जी मंडी में जा रहा था। तभी कनवासा रोड पर नीचे की तरफ लटक रहे बिजली की तार के चपेट में आने से उसकी जान चली गई।